नफीस खान ने रक्तदान कर इंसानियत की मिसाल पेश
हिंदू मुस्लिम एकता का दिया संदेश
समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी ने सोशल मीडिया के माध्यम से रक्तदान की थी अपील

पन्ना नगर के धाम मोहल्ला निवासी राजेंद्र कुमार जड़िया को अचानक बीमारी के चलते खून की अत्यंत कमी बताई गयी। जिसके बाद उनके पुत्र आशुतोष जड़िया द्वारा एक यूनिट ब्लड रक्तदान किया गया। मगर डॉक्टर द्वारा और ब्लड चढ़ाने की सलाह दी गई। जिसके बाद पीड़ित पुत्र द्वारा अपने रिश्तेदारों एवं परिजनों से मदद की गुहार लगाई गई। मगर परिवार एवं रिश्तेदारों ने जब रक्तदान नहीं किया तब पीड़ित पुत्र आशुतोष द्वारा पन्ना जिले के समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी को पूरी घटना बताई गयी। जिसके बाद समाजसेवी राम बिहारी गोस्वामी द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से रक्तदान की अपील की गयी। व्हाट्सएप पर संदेश पढ़ते ही पन्ना नगर के समाजसेवी नफीस खान स्वेच्छा से रक्तदान करने की सहमति दी और बिना कोई विलंब करे आज जिला अस्पताल पन्ना में पहुंचकर पीड़ित मरीज राजेंद्र कुमार जड़िया उम्र 52 वर्ष को उन्होंने स्वेच्छा से एक यूनिट रक्तदान किया गया। इस अवसर पर रक्तदान दाता नफीस खान ने कहा कि खून का रिश्ता ऐसा है जिसमें कोई जात पात नहीं होती है। रक्तदान प्रत्येक 18 वर्ष से 60 वर्ष तक के व्यक्ति को अवश्य करना चाहिये। रक्तदान करने से जहां स्वयं का शरीर स्वस्थ रहता है वही समय पर दिए गए खून से किसी के जीवन को बचाया जा सकता है। इसलिए सारे कार्य छोड़कर पहले रक्तदान करें। इस अवसर पर लैब टेक्नीशियन अभय शर्मा आशुतोष जड़िया सहित अन्य लोग मौजूद रहे।