गरीबो ओर ज़रूरत मन्द के लिए मसीह बने लखन प्रताप सिंह
यूं तो हर कोई कोरोना वायरस से परेशान है और इसकी मार झेल रहा है लेकिन इसका सबसे बुरा असर पड़ा है ग्रामीण इलाकों में रहने वाले गरीब और रोजाना मजदूरी करने वाले लोगों पर। जी हां लॉक डाउन के चलते गरीब और मजदूर लोगो को दिक्कत हो गयी है। ऐसे ज्यादातर ये लोग सरकार और दूसरों लोगो द्वारा दिये जाने वाले भोजन पर ही निर्भर है। लेकिन यूपी के शाहजहांपुर में दूर-दराज ग्रामीण इलाको में सरकार के दावो की पोल खुलती नज़र आ रही है। यहां समाजसेवी तो पहुंच रहे है लेकिन प्रशासनिक अमला इन क्षेत्रों में झांकने भी नही गया।
भोजन का पैकेट मिलने के बाद कैसे एक माँ अपने बच्चो को खाना खिला रही है तश्वीरो से ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि यहां के हालात क्या होंगे।दरअसल ये तश्वीर है कटरा विधानसभा क्षेत्र के सड़ा खास गांव की जहां गरीब और मजदूर तबके के लोगो भोजन और मास्क वितरण करने पहुंचे थे प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया के प्रदेश महासचिव लखन प्रताप सिंह। जहां कई ग्रामीणों के भोजन के पैकेट पाकर चेहरे खिल गए। ग्रामीणों का कहना है कि इस क्षेत्र में अभी तक इस लॉकडाउन में उन्हें सरकार व प्रशासन द्वारा कोई भी सुविधा उपलब्ध नही कराई गयी है। जिसके चलते ग्रामीणो को खाने के लिए समाजसेवियों पर ही निर्भर रहना पड़ रहा है।
लखन प्रताप सिंह जब से लॉकडाउन लागू हुआ है तब से गांव गांव जाकर जो दिहाड़ी मजदूर है जो रोजाना काम करते है तभी उनके घरों का चूल्हा जलता है। ऐसे गरीबो को चिन्हित कर उनको रोजाना खाने के पैकेट पहुंच रहे है। करोना के महामारी के दहशत होने के बावजूद अपनी जान की परवाह किये बिना लखन प्रताप सिंह रोजाना अपने घर से निकलते है एवं हर गरीब एवं जरूरतमदो की जरुरतो के समान पहुँचा रहे है।