
बरेली । भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिजली विभाग के संविदाकर्मी को 18 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया।
जानकारी के अनुसार, लाइन कुली संविदाकर्मी अनस कादरी और नामजद अवर अभियंता (JE) जितेंद्र केसरवानी पर बिजली बिल समायोजन कराने के नाम पर रिश्वत मांगने का आरोप था। शिकायत मिलने के बाद भ्रष्टाचार निवारण संगठन बरेली की टीम ने जाल बिछाया और बुधवार दोपहर मॉडल टाउन स्थित क्षेत्र में आरोपी को 18 हजार रुपये लेते हुए दबोच लिया।
बताया गया कि शिकायतकर्ता से बढ़े हुए बिजली बिल को ठीक कराने के एवज में रकम मांगी गई थी। शिकायत के बाद ट्रैप टीम प्रभारी निरीक्षक प्रदीप सान्याल के नेतृत्व में कार्रवाई की गई। टीम ने आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया।
भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने आरोपी संविदाकर्मी और नामजद जेई के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक, कार्रवाई के बाद बिजली विभाग में अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। वहीं संगठन ने आम लोगों से अपील की है कि यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत मांगता है तो उसकी शिकायत तुरंत भ्रष्टाचार निवारण संगठन से करें।