बहन ने भाई को अपनी किडनी देकर दी नई जिंदगी

रोहिणी के जयपुर गोल्डन हॉस्पिटल में किड़नी ट्रांसफर दोनों की हालत ठीक परिवार में खुशी का माहौल
नई दिल्लीः रोहिणी जिले के हरि इन्क्लेव A-49 में रहने वाले शुहेब खान उमर 24 वर्ष की दोनों किडनी ख़राब हो गईं जिसके बाद परिवार में जवान बेटे की हालत से पूरा परिवार परेशान था उसकी लास्ट इस्टेट डॉक्टरों घोषित कर दी पर उसकी बहन शबनक़्म 34 वर्षय ने अपनी व अपने बच्चों व परिवार की प्रवाह किए और अपनी जान की बाज़ी लगाते हुए अपनी किडनी देने के लिए फैसला कर आज रोहिणी के जयपुर गोल्डन अस्पताल में किडनी देकर अपने भाई की जिंदगी बचाई है भाई के प्यार में अपनी जान की बाज़ी लगाने वाली इस बहन ने मिसाल कायम की है।
भाई बहन के इस प्यार को देख कर इस बच्ची को डॉक्टरों ने भी बधाई दी किडनी चेंजिंग के बाद दोनों की हालत ठीक बताई गई है परिवार में खुशी का माहौल है।
बतादें हरि इंक्लेव किराड़ी में रहने वाले अपने बेटे की नई जिंदगी देने के लिए अपनी बेटी के इस कार्य से मुंशेद चौधरी अपने खुशी के आंसू रोक नही पाए और अपनी बेटी गलेसे लगा लिया।
बेटे बेटी के पिता ने अपनी बेटी के इस क़दम ने पिता होने का गर्व महसूस हुआ पिता ने कहा मेरी बड़ी बेटी शबनम ने वो कर दिखाया जो में सोच भी नही सकता बताया मेरे 2 लड़की 3 लड़के है बड़ी बहन ने सबसे छोटे भाई को किडनी देकर जीवन दान दिया है।