
जिपंस: मतगणना के बाद भी घोषित नहीं हुए परिणाम
एटा। जिला पंचायत सदस्य पद के परिणाम मतगणना पूरी हो के बाद भी घोषित नहीं हो सके। प्रशासन देरशाम ब्लॉकों से रिकॉर्ड मिलने पर मिलान की बात कहता रहा। ब्लॉकों पर विजयी बताए गए प्रत्याशी प्रमाण पत्र लेने के लिए कलक्ट्रेट पर पहुंचने लगे। पुलिस ने उन सभी को वापस कर दिया।
मतगणना रविवार सुबह 8 बजे से शुरू की गई थी। दिन-रात चली प्रक्रिया तीसरे दिन मंगलवार सुबह 7 बजे पूरी हो गई। ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत और ग्राम पंचायत सदस्य पदों के नतीजे घोषित भी हो गए। लेकिन जिला पंचायत सदस्य पदों के नतीजों पर पेच फंसा रहा। दोपहर के समय कलक्ट्रेट में सभी आरओ-एआरओ को अभिलेखों सहित बुुलाया गया था।
प्रमाण पत्र वितरित करने के लिए सीडीओ अजय प्रकाश भी डीएम न्यायालय में आकर बैठ गए। अन्य कर्मचारियों की भी ड्यूटी लगाई गई। लेकिन आरओ-एआरओ का इंतजार करते-करते शाम हो गई। इस बीच तमाम प्रत्याशी स्वयं को विजयी बताते हुए प्रमाण पत्र लेने के लिए पहुंचे। पहले उनसे कुछ देर इंतजार करने को कहा गया। देर लगती देख अगले दिन आने को बोल दिया। देरशाम कलक्ट्रेट में अभिलेख पहुंच सके, तब कहीं जाकर उनका मिलान शुरू कराया गया। लेकिन घोषणा किसी पद के लिए नहीं की गई।
सपा का दिख रहा दबदबा
भले ही प्रशासन की ओर से परिणाम घोषित नहीं हुए, लेकिन ब्लॉकों पर हुई मतगणना के आधार पर सपा का दबदबा दिख रहा है। सबसे अधिक सीट प्राप्त करने वाली पार्टी मानी जा रही है। इसके बाद निर्दलीय प्रत्याशी बड़ी संख्या में हैं।
सभी आरओ-एआरओ द्वारा शाम को रिकॉर्ड उपलब्ध कराया गया है। संख्या आदि का मिलान कर सही परिणाम घोषित करने में समय लगेगा। बुधवार सुबह 10 बजे से प्रमाण पत्र वितरित किए जाएंगे।