
बरेली। भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (IVRI) के सेंटर फॉर एनिमल डिजीज रिसर्च एंड डायग्नोसिस (CADRAD) ने एक और बड़ी उपलब्धि अपने नाम कर ली है। संस्थान की प्रयोगशाला को ISO/IEC 17025:2017 के अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप राष्ट्रीय परीक्षण एवं अंशशोधन प्रयोगशाला प्रत्यायन बोर्ड (NABL) से विस्तारित मान्यता प्राप्त हुई है।
इस नई मान्यता के तहत अब लैब में ब्रूसेला, लम्पी स्किन डिजीज, अफ्रीकी स्वाइन फीवर, रेबीज, कैनाइन पार्वोवायरस, जोहन्स डिजीज, बोवाइन हर्पीसवायरस-1 समेत कई गंभीर पशु रोगों का अत्याधुनिक आणविक परीक्षण अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुसार किया जाएगा। इससे पशु रोगों की समय पर और सटीक पहचान संभव होगी, जिससे रोग नियंत्रण और निगरानी व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी।
यह मान्यता विश्व पशु स्वास्थ्य संगठन (WOAH) के निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुरूप परीक्षण क्षमता का प्रमाण है और CADRAD को राष्ट्रीय संदर्भ प्रयोगशाला के रूप में और अधिक सशक्त बनाती है।
इस उपलब्धि पर भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के उप महानिदेशक एवं IVRI के निदेशक डॉ. राघवेन्द्र भट्टा ने पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि यह सफलता वैज्ञानिकों, तकनीकी अधिकारियों और कर्मचारियों की मेहनत का परिणाम है। उन्होंने विश्वास जताया कि इस उपलब्धि से पशु चिकित्सकों, पशुपालकों, शोधकर्ताओं और नियामक एजेंसियों को विश्वसनीय एवं गुणवत्ता-युक्त जांच सेवाएं मिलेंगी, जिससे देश में पशु स्वास्थ्य प्रबंधन को नई मजबूती मिलेगी।