
बरेली। भारत के उत्तर प्रदेश डेयरी सेक्टर में एक बड़ा वैज्ञानिक बदलाव देखने को मिल रहा है। बीएल एग्रो ग्रुप की सहायक बायोटेक कंपनी लीड्स जेनेटिक्स ने अपने उन्नत ब्रीडिंग प्रोग्राम के तहत अब तक 58 बछड़ों को सफलता पूर्वक जन्म दिला दिया गया है।
कंपनी का उद्देश्य मध्य 2027 तक उच्च आनुवंशिक क्षमता वाली 700 गायें तैयार करना है।
प्रतिदिन 40–60 लीटर दूध: इन चयनित गायों से प्रति पशु उत्पादकता बढ़ाकर रोजाना 40 से 60 लीटर तक दूध उत्पादन हासिल करने का लक्ष्य है।
उन्नत तकनीक इसमें ओवम पिक-अप, आईवीएफ (IVF) और एम्ब्रियो ट्रांसफर जैसी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल हो रहा है। यहाँ तक कि एक 14 वर्षीय गाय में भी इस तकनीक का सफल परीक्षण किया गया है।
भारत-ब्राजील साझेदारी: गिर जैसी देशी नस्लों के संवर्धन के लिए ब्राजील की वैश्विक जेनेटिक विशेषज्ञता और संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है, जहाँ शुरुआती बैच के भ्रूणों में 65–67% सफलता दर मिली है।
कंपनी का विज़न:
हमारा उद्देश्य भारतीय डेयरी क्षेत्र को अधिक उत्पादक, दक्ष और भविष्य के लिए तैयार करना है ताकि पशुओं की संख्या बढ़ाए बिना कम संसाधनों में अधिक दूध उत्पादन संभव हो सके।
— आशीष खंडेलवाल, डायरेक्टर, लीड्स जेनेटिक्स