
भारतीय मीडिया फाउंडेशन से 2 वर्ष पूर्व से निष्कासित पदाधिकारियों की नींद हुई हराम
भारतीय मीडिया फाउंडेशन की बढ़ती ताकत से फिरका परस्त लोगों एवं पत्रकारिता की आड़ में अपनी दुकानदारी चलाने वाले लोगों के अंदर हुई बेचैनी– एके बिंदुसार संस्थापक भारतीय मीडिया फाउंडेशन।
वाराणसी -भारतीय मीडिया फाउंडेशन वाराणसी मैनेजमेंट कार्यालय से जारी बयान में भारतीय मीडिया फाउंडेशन के संस्थापक एवं मैनेजमेंट कमेटी के केंद्रीय अध्यक्ष एके बिंदुसार ने कहा कि भारतीय मीडिया फाउंडेशन की बढ़ती ताकत से कुछ फिरका परस्त एवं पत्रकारिता की आड़ में अपनी दुकानदारी करने वाले लोगों को बेचैनी हो गई है आज उनके अंदर इतनी बौखलाहट पैदा हो गई है कि आज सोशल मीडिया पर हमारे खिलाफ अनाप-शनाप लिखने के लिए विवश हो गए है इससे साबित होता है कि भारतीय मीडिया फाउंडेशन अपने मिशन में कामयाब हो रहा है।
उन्होंने कहा कि पत्रकारिता की आड़ में दुकानदारी करने वाले लोगों को बेनकाब किया जाएगा ऐसे लोगों को जो फर्जी संस्था बनाकर के पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ताओं का इस्तेमाल कर रहे हैं ऐसे लोगों को बेनकाब करने की पूरी तैयारी है।
उन्होंने कहा कि 2 वर्षों पूर्व जिन लोगों को भारतीय मीडिया फाउंडेशन से निष्कासित कर दिया गया था आज उनके अंदर काफी बेचैनी हो रही है छटपटाहट हो रही है जो पत्रकारिता की आड़ में थाने से लेकर के सरकारी दफ्तरों तक दलाली में व्यस्त थे ऐसे लोग पत्रकार नहीं है समाज के लुटेरे और दलाल है ऐसे लोगों से पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ताओं को सावधान रहना होगा।
उन्होंने कहा कि जो खुद भगोड़ा है वह आज दूसरों को भगोड़ा कह रहा है।