
एटा।जनपद मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट धरना स्थल पर विगत 8 दिनों से चला आ रहा आशा कृतियों का आंदोलन उग्र रूप धारण करने की स्थिति में है मात्र ₹2000 मानदेय पर दिन-रात कार्य करने वाली आशा कार्यकर्ताओं की 5 सूत्री मांग है कि आशा कार्यकर्ताओं को शासकीय कर्मचारी घोषित किया जाए तथा उनका वेतन भारतीय सरकार द्वारा मजदूरी के हिसाब से मासिक मानदेय निर्धारित किया जाए आशा कर्मियों को यात्रा भत्ता साइकिल स्टेशनरी आज खर्चा दिया जाए तथा आशा कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण देकर एएनएम के पद पर प्रोन्नत किया जाए तथा ₹18000 प्रतिमाह मानदेय दिया जाए इससे कम कोई भी सरकार की मांग उन्हें मंजूर नहीं है यह आंदोलन और उग्र रूप लेगा जिसमें उन्होंने घोषणा की कि यह आंदोलन का मंजर और भूख हड़ताल तक जाएगा जब तक सरकार हमारी मांगे नहीं मानती है तब तक हम अपना आंदोलन जारी रखेंगे एटा से चैनल इस लाइफ के लिए निशा कांत शर्मा की रिपोर्ट