
एटा,सकीट। । इस मामले में गांव की एक महिला ने पांच वर्ष बाद परिजनों पर हत्या की रिपोर्ट न्यायालय के आदेश पर दर्ज कराई है। पुलिस इस मामले की जांच कर रही है।
थाना सकीट के गांव नाजिरपुर निवासी नीलम पुत्री नबाव सिंह ने कोर्ट के आदेश से रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया कि गांव के विष्णुदयाल की बालिग बेटी स्कूल में पढ़ाती थी, जिसके किसी लड़के साथ प्रेम-संबंध थे और वह उससे शादी करना चाहती थी। घरवालें राजी नहीं थे, जिस कारण घरवालें युवती को प्रताड़ित करते थे। इसकी शिकायत लेकर युवती थाने भी गई थी। पुलिस ने समझौता के बाद वापस भेज दिया था।
आरोप है कि 20 अप्रैल 2018 को घरवालों ने मिलकर अपनी ही अपनी बेटी की गला दबाकर हत्या कर दी थी। शव को गाड़ी में डाल ले गए थे। युवती की चीख गांव के लोगों ने सुनी थी। गांववालों के पूछने पर बताया था कि उन्होंने बेटी को दिल्ली भेज दिया था। वहां से बेटी किसी के साथ भाग गई थी। आरोप है कि युवती की हत्या हुई है। शव को छिपा दिया है।
पुलिस कार्रवाई न होने के कारण पीड़िता ने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश से युवती के पिता, मां सहित पांच आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। एसओ सतपाल सिंह का कहना है कि आपस में विवाद चल रहा है। फर्जी डिग्री से नौकरी लेने के मामले में भी आरोपी पक्ष से कोर्ट के आदेश से रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कहना यह भी है कि बेटी दिल्ली से चली गई थी। मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।