मोटे अनाज से बने व्यंजन खाएंगे स्कूलों के बच्चे, रिपोर्ट योगेश मुदगल

आगरा, कार्यालय संवाददाता। अब परिषदीय स्कूलों में छात्रों को मोटे अनाज से तैयार व्यंजन दिए जाएंगे। महानिदेशक बेसिक शिक्षा का पत्र आने पर विभाग हरकत में आ गया है। शुरुआत में स्कूलों में इसके फायदे बताए जा रहे हैं।
मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने परिषदीय स्कूलों में मिड-डे मील (मध्यान्ह भोजन योजना) के मेन्यू में मोटे अनाज का भोजन शामिल करने के निर्देश दिए हैं। पत्र में कहा है कि बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से सप्ताह में एक दिन मोटे अनाज का भोजन मिड-डे मील के तहत दिए जाने का प्रस्ताव है। इससे पहले स्कूलों में गेहूं, चावल और सोयाबीन से बने व्यंजनों को परोसा जा रहा था। अब बाजरा, ज्वार, झंगोरा, कुट्टू आदि से बने व्यंजनों को सप्ताह में एक दिन दिया जाएगा। बेसिक शिक्षा अधिकारी ने बताया कि महानिदेशक का पत्र आया है।
फास्टफूड से बचने पर जोर
जिला समन्वयक मिड डे मील आकाश अग्रवाल ने बताया कि फास्टफूड का सेवन बच्चों के लिए काफी नुकसानदायक है। स्कूली बच्चों को इससे होने वाले नुकसान और मोटे अनाज के फायदे को बताया है। जिससे वह घर जाकर अभिभावकों को भी जागरूक करें।