
निर्माण पूरा नहीं हुआ तो दर्ज होगा मुकदमा
एटा। डीएम अंकित कुमार अग्रवाल ने एमसीएच विंग के निर्माण की कार्यदायी संस्था एचएससी के प्रतिनिधि को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने हिदायत दी कि कार्य को प्रत्येक दशा में पूर्ण करें। अन्यथा की स्थिति में संबंधित अधिकारियों पर एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। वह जनपद में चल रहे निर्माण कार्यों, शासन के नवीन 37 प्राथमिकता बिन्दुओं एवं सीएसआर मद की समीक्षा बैठक कलक्ट्रेट सभागार में कर रहे थे।
डीएम ने सीडीओ को निर्देश दिए कि जल जीवन मिशन के तहत ग्रामों में चल रहे निर्माण कार्य का ब्लॉक स्तर पर क्रियाशील टीमों की ओर से गुणवत्ता की जांच कराई जाए। डीएम ने सिंचाई विभाग को निर्देशित किया कि नहरों, रजवाहों की सफाई करने के उपरान्त सिल्ट को समय से उठाया जाए, साथ ही नहरों में समय से पानी पहुंचाया जाए। कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए कि जिन कार्यों के निर्माण के लिए शासन से बजट प्राप्त हो चुका है, उनकी भौतिक प्रगति में सुधार किया जाए। आवास विकास परिषद की ओर से अग्निशमन केन्द्र एवं भरापुरा में चल रहे निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए। गोवंशों के बेहतर इंतजाम को दृष्टिगत रखते हुए पशु सेवा केन्द्रों का निर्माण कार्य दिसंबर में पूर्ण कर लिया जाए।
डीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी के तहत पात्र लाभार्थियों को प्रथम, द्वितीय किश्त का भुगतान तेजी के साथ किया जाए। कन्या सुमंगला योजना के साथ-साथ अन्य लाभार्थीपरक योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाई जाए। जवाहरपुर तापीय विद्युत परियोजना मलावन के तहत अधिग्रहीत मूल पांच ग्रामों में एवं परियोजना की 10 किलोमीटर की परिधि में आच्छादित ग्रामों में सीएसआर से प्रस्तावित कार्ययोजना कराये जाने वाले कार्यो एवं प्राप्त आगणन पर भी डीएम ने समीक्षा कर अधिकारियों को समय से प्रस्ताव देने के संबंध में दिशा निर्देश दिए।बैठक में सीडीओ डॉ. एके बाजपेयी, सीएमओ डॉ. यूके त्रिपाठी, सीएमएस डॉ. अशोक कुमार, डीसी मनरेगा प्रभूदयाल, डीएसटीओ प्रदीप कुमार, डीआईओएस मिथलेश कुमार, बीएसए संजय सिंह, डीपीआरओ केके सिंह, एआर कॉपरेटिव महावीर सिंह, डीएओ, डीडी कृषि, जीएमडीआईसी सहित अन्य संबंधित विभागीय अधिकारीगण, कार्यदायी संस्थाओं के प्रतिनिधि आदि मौजूद रहे। मालूम हो कि चार दिन पहले हिन्दुस्तान ने एमसीएच विंग का काम पूरा ना होने की खबर को प्रमुखता प्रकाशित किया था।