क्या नेताओं की सभा पर लागू नहीं होती कोविड गाइडलाइन
सभाओं में तार तार हो रही शोशल डिस्टेंसिंग

छतरपुर, पूर्व कांग्रेसी विधायक प्रद्युम्न सिंह ने कांग्रेस का साथ छोड़ भाजपा का दामन थाम कर जिले की बड़ामलहरा सीट को चुनावी समर में धकेलकर अकारण ही मतदाताओं को नाराज कर दिया है । उस पर कोरोना काल में जहां सरकार आम जनता से कोविड गाइडलाइन का पालन करवाने में शख्ती बरत रही है वहीं भाजपा और कांग्रेस के बड़े नेताओं की सभा में हजारों की भीड़ जोड़ कर शोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं ।
बड़ामलहरा विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में इन दिनों कांग्रेस और भाजपा नेता जमकर चुनाव प्रचार करने में व्यस्त हैं आये दिन दोनों ही दलों के बड़े नेताओं की सभाएं हो रही हैं भाजपा की ओर से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान अब तक तीन बार क्षेत्र का दौरा कर चुके हैं । वहीं ज्योतिरादित्य सिंधिया और अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालसिंह आर्य भी हजारों की भीड़ एकत्रित कर सभा आयोजित कर चुके हैं । कांग्रेस भी अजय सिंह राहुल की मैराथन सभाओं का आयोजन कर चुकी है और सभी सभाओं में हजारों लोगों का जमावड़ा देखने को मिला । जबकि नवदुर्गा पंडालों, दसहरा उत्सव, शादी विवाह आदि आम जनता से जुड़े उत्सवों पर कोविड गाइडलाइन का पालन सख्ती से कराया जा रहा है । जिससे आम जनता में रोष पनप रहा है ।
आम जनमानस के साथ हो रहे इस भेदभाव पर लोगों का कहना है कि क्षेत्र में उपचुनाव नेताओं की वजह से हो रहा है और जनता इसमें पिस रही है । सरकार या तो नेताओं से भी नियमों का पालन कराये या फिर जनता की भावनाओं से खिलवाड़ करना बंद करे ।