
बरेली।उत्तर प्रदेश के बरेली जनपद में अपनी मांगों को लेकर आंदोलनरत पैरावेट्स और प्रशासन के बीच जारी गतिरोध आखिरकार जिलाधिकारी के सकारात्मक हस्तक्षेप के बाद समाप्त होने की ओर बढ़ गया है। जिलाधिकारी बरेली द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद अब पैरावेट्स की भारत पशुधन पोर्टल पर बंद की गई आईडी को तुरंत अनब्लॉक करने और किसी भी कर्मचारी की सेवा समाप्त न किए जाने पर सहमति बन गई है।
ऑल पैरावेट पशुमित्र मैत्री कार्यकर्ता सेवा समिति संघ’ के तत्वावधान में गत 23 जुलाई 2026 से जनपद के पैरावेट्स अपनी विभागीय मांगों को लेकर केवल एफ.एम.डी. टीकाकरण कार्य का बहिष्कार कर रहे थे, जबकि शेष अन्य पशुपालक सेवाएं सामान्य रूप से जारी थीं।
इसी बीच, पशुचिकित्सा संघ बरेली ने 11 अगस्त को तहसील अध्यक्ष नवाबगंज अनुज गंगवार और जिलाध्यक्ष शिवलेश कुमार यादव पर विभागीय कार्यों में लापरवाही और टीकाकरण उपेक्षा का आरोप लगाते हुए निंदा प्रस्ताव पारित कर दिया था, जिससे सेवा समाप्ति और आईडी ब्लॉक होने का संकट खड़ा हो गया था।
प्रकरण को सुलझाने के लिए बृहस्पतिवार को दोपहर में जिलाधिकारी ने पशुपालन विभाग के अधिकारियों और पैरावेट संघ के जिलाध्यक्ष श्री शिवलेश कुमार को वार्ता के लिए बुलाया। वार्ता के दौरान जिलाधिकारी महोदय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं
शिवलेश कुमार पशुचिकित्सालय बिथरी चैनपुर एवं अनुज गंगवार पशुचिकित्सालय क्योलड़िया की ब्लॉक की गई आईडी को अविलंब सक्रिय किया जाए।
सेवा समाप्ति पर रोक: राजकीय और जनहित में किसी भी पैरावेट की सेवा समाप्ति या दंडात्मक कार्रवाई पर विचार न किया जाए।
शासन स्तर पर सकारात्मक विचार: जिलाधिकारी ने आश्वस्त किया कि पैरावेट्स की मांगें माननीय मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश एवं माननीय पशुधन मंत्री के सीधे संज्ञान में हैं, जिस पर जल्द ही शासन स्तर से सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा
जिलाधिकारी के निर्देशों के परिपालन में मुख्य पशुचिकित्सा अधिकारी बरेली एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी , उत्तर प्रदेश पशुधन विकास परिषद लखनऊ को पत्र प्रेषित कर दिया गया है।
संघ के जिलाध्यक्ष श्री शिवलेश कुमार ने बताया कि प्रशासन के इस सकारात्मक रुख से प्रदेश और जिले के हजारों पैरावेट्स में राहत की लहर है। पैरावेट्स ने जिलाधिकारी के निर्देशों का सम्मान करते हुए राजकीय कार्यों को नियमानुसार सुचारू रूप से संपादित करने की प्रतिबद्धता जताई है।