कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के निर्देश पर उत्तर प्रदेश में संगठन के जरिए एक टास्क फोर्स बनाई गई है, जो दिल्ली से सटे जिलों में और कई स्थानों में सक्रिय है. पार्टी का कहना है कि उनके कार्यकर्ता प्रवासी मजदूरों और बेसहारा लोगों को अपने वाहनों से छोड़ रहे हैं और उनके ठहरने-खाने का बंदोबस्त भी किया जा रहा है
उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने प्रेस रिलीज जारी कर दावा किया है कि बुलंदशहर, सीतापुर, नोएडा, गाजियाबाद, हापुड़, लखीमपुर खीरी, मथुरा, कानपुर, बाराबंकी, गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, बस्ती, संतकबीर नगर, कुशीनगर, इलाहाबाद, फतेहपुर, झांसी में हाईवे पर लगातार मजदूरों के खाना-पानी की व्यवस्था की गई है. कांग्रेस कार्यकर्ता लगातार इन जिलों में मदद कर रहे हैं. रोजाना करीब एक लाख खाने के पैकेट बांटे जा रहे हैं.
हर बड़े शहर में रसोई घर शुरू किया जा रहा है. लखनऊ, नोएडा, गाजियाबाद, फतेहपुर, लखीमपुर खीरी, बुलंदशहर, मथुरा, चंदौली, वाराणसी में रसोईघर भी चलाए जा रहे हैं. साथ ही घर-घर राशन वितरण किया जा रहा है. कांग्रेस का दावा है कि अब तक 60 लाख लोगों तक राशन-भोजन की मदद हुई है.
चार लाख प्रवासी मजदूरों की मदद
कांग्रेस ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रियंका गांधी ने ‘कांग्रेस फाइट्स कोरोना’ के नाम से एक व्हाट्सऐप ग्रुप बनाया है, जिसमें वह खुद बेसहारा लोगों की मदद करने के लिए पार्टी पदाधिकारियों को आवश्यक निर्देश देती हैं. पार्टी का दावा है कि अब तक 4 लाख प्रवासी मजदूरों की मदद हो चुकी है और हर जिले में कमिटी को बनाया गया है ताकि कोई भूखा न सोए.