
जनगणना में ओबीसी समाज की जातिगत जनगणना व संवैधानिक अधिकार की मांग
एटा 1फरबरी
राष्ट्रीय ओबीसी महासभा द्वारा आज प्रधानमंत्री जी के नाम ज्ञापन एसडीएम दिया जिसमें राष्ट्रीय अध्यक्ष एकेश लोधी कहा कि पूरे भारतवर्ष में ओबीसी समाज की आबादी कुल आबादी की लगभग 50-60% है ,और भारतीय संविधान के अनुसार ओबीसी समाज को कुल 27 % आरक्षण दिया गया है ,उसका लाभ भी हमें नियम संगत तरीके से नही मिल पा रहा है हम राष्ट्रीय ओबीसी महासभा के माध्यम से ओबीसी समाज के लिए कुछ प्रमुख मांगे रख रहे हैं ,
सरकार द्वारा शर्मा कमेटी की अनुशंसाओं को खारिज कर असंवैधानिक क्रीमीलेयर समाप्त कर ओबीसी की जातिगत जनगणना कराये जाने हेतु जनगणना फार्म में ओबीसी कॉलम जोड़े जाने का प्रस्ताव पारित किया जाए इसके साथ ही मंडल आयोग और स्वामीनाथन कमेटी की अनुशंसाओ को पूर्णतः लागू कराने एवं ओबीसी के लिए संख्या के अनुपात में राज्य विधानसभाओं में आरक्षण। इन मांगो के साथ साथ किसान विरोधी कानून को निरस्त करते हुए वर्तमान में उपज मूल्य बढ़ाकर तीन गुना किया जाए इंट्री से नियुक्तियां बंद की जाएं ओबीसी के प्रमोशन में आरक्षण लागू किया जाए शैक्षणिक संस्थाओं और शासकीय नियुक्तियों की मेरिट लिस्ट में ओबीसी समाज के अभ्यर्थियों को स्थान दिया जाए ।
इसके साथ देशभर में भर्ती प्रक्रिया में 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण सुनिश्चित करते हुए , आरक्षण नियमो से छेड़खानी करने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कानूनी कार्यवाही सुनिश्चित की जाए ।
जिलाध्यक्ष योगेश यादव ने कहा कि हमें आपसे आशा ही नहीं पूर्ण विश्वास है आप हमारी इस आवाज को गंभीरता से लेते हुए हमारी समस्त मांगे पूरी करने का काम करेंगे।। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य कैलास लोधी,राजेन्द्र यादव, प्रतिहार सन्दीप राजपूत, सुनील जोगपुरिया, नवरत्न सिंह ,सर्वेश कुमार ,श्यामवीर सिंह, मोहित यादव ,कृष्ण कुमार भूपेंद्र कुमार ,उपेंद्र कुमार प्यारेलाल ,धर्मेंद्र कुमार ,सर्वेश कुमार ,नागेंद्र सिंह आदि