
एटा, । लोकसभा-राज्यसभा में विपक्ष के 146 सांसदों के निलंबन के विरोध में इंडिया गठबंधन ने कलक्ट्रेट धरनास्थल पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने निलंबित सांसदों को बहाल करने की मांग राष्ट्रपति से की है। बड़ी संख्या में सपा, कांग्रेस तथा आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने इस प्रदर्शन में भाग लिया। राष्ट्रपति के नाम एएसडीएम वेदप्रिय आर्य को ज्ञापन दिया गया।
शुक्रवार को सपा जिलाध्यक्ष परवेज़ ज़ुबैरी के नेतृत्व में इंडिया गठबंधन ने धरना प्रदर्शन किया। सपा जिलाध्यक्ष ने कहा कि विपक्ष का काम सरकार से सवाल पूछने का होता है। भाजपा सरकार ने इतनी बड़ी तादाद में सांसदों का निलंबन करके लोकतंत्र, संविधान का गला घोटने का काम किया है। कांग्रेस के जिलाध्यक्ष गंगा सहाय लोधी ने कहा यह सरकार बेरोज़गारी और मंहगाई पर बात नहीं करती है। सिर्फ मंदिर-मस्जिद के नाम पर लोगों में नफरत फैला कर सत्ता हथियाना चाह रही है। पूर्व विधायक अमित गौरव यादव ने कहा कि भाजपा सरकार तानाशाही कर रहे है। लोकसभा और राज्यसभा से सांसदों का निलंबन सही नहीं है। इन निलंबनों को वापस लेना चाहिए। जनता की आवाज को भाजपा दवा रही है। पूर्व ब्लॉक प्रमुख बजीर सिंह यादव ने कहा कि जो नए कानून बनाए जा रहे हैं इस पर बहस करनी चाहिए थी।
सरकार लगातार सांसदों को निलंबित कर रही है। इससे कोई विरोध ना कर सके। कम्युनिट कॉमरेड राजाराम, चोबसिंह बघेल, इंजीनियर सुरेन्द्र कश्यप, पुष्पलता एडवोकेट इऱफान एडवोकेट, ज्ञान सिंह बघेल, राजकुमारी, रणजीत सिंह, शिवराज कश्यप, संदीप यादव, रामसेवक लोधी, जसवीर सिंह लोधी ने भाजपा सरकार के सांसदों के निलंबन के निर्णय की कड़ी आलोचना की, जिसका आगामी लोकसभा चुनाव में सब़क सिखाने का आहवान किया। सांसदों के निलंबन को लेकर महामहिम राष्ट्रपति को डीएम के माध्यम से ज्ञापन दिया गया। विरोध प्रदर्शन का संचालन सपा जिला महासचिव भूपेंद्र प्रजापति ने किया। विरोध प्रदर्शन में सपा के साथ कांग्रेस, आप, कम्युनिस्ट पार्टी कार्यकर्ता, पदाधिकारी मौजूद रहे।