विष मुक्त खेती के बारे में छत्रों को बताया कैसे फर्टलाइजर (खाद) हमारी भूमि को बंजर कर रही है
विष मुक्त जीवन से निजात पाने के तरीको को छात्रों को बताया
फास्टफूड की जगह मोटे अनाज की प्राथमिकता की जानकारी दी
वाजार के विषेले भोजन से बचने को कहा,तले व भुने भोजन को भी वाय वाय करने को कहा
फसल अवशेष प्रबन्धन परियोजना के तहत विद्यार्थी जागरूकता अभियान, रिपोर्ट योगेश मुदगल

एटा,अवागढ़, । विद्यार्थी जागरूकता अभियान में छात्र-छात्राओं को बाजार में बिक रहे दूषित भोजन से होने वाली बीमारियों के प्रति जागरूक किया।
नगर के जलेसर रोड स्थित श्रीमती विमला देवी शिक्षा संस्थान फसल अवशेष प्रबन्धन परियोजना के तहत विद्यार्थी जागरूकता अभियान चलाया गया। कार्यक्रम में मृदा वैज्ञानिक डॉ. वीरेन्द्र सिंह ने फसल अवशेष से भूमि उर्वरता बढ़ाने, जल संचय करने के विषय में बताया, जिससे भूमि भरपूर पैदावार दे सके। उद्यान विभाग के वीरेन्द्र सिंह ने विषमुक्त सब्जी उत्पादन, जायद सब्जियों की जानकारी दी। दीप्ती सिंह ने स्वच्छता, रोगों से बचाव को जागरूकता करते हुए बताया कि बाजार में विभिन्न प्रकार के दूषित, विषाक्त भोजन बिक रहे हैं।
हेमन्त कुमार सिंह ने बताया जीवन को रोगमुक्त, कार्यशील रखने को मोटे अनाज भोजन में शामिल करना अतिआवश्यक है। उन्होने कई बीमारियों से बचाव को मोटे अनाज, विषमुक्त सब्जियों का भरपूर सेवन करने को कहा। कार्यक्रम का संचालन डा. वीरेन्द्र सिंह ने किया। कार्यक्रम में सचिन कुमार, रविन्द्र कुमार, अतुल कुमार, हरीशंकर, हर्ष कुमार, दिव्या, गुड़िया, बबिता, शिवानी, अंकित कुमार, बनवारी लाल, अंकुश राज मौजूद रहे।