लंपी वायरस : केस मिलने के बाद बढ़ाई गई निगरानी, रिपोर्ट योगेश मुदगल

लंपी वायरस : केस मिलने के बाद बढ़ाई गई निगरानी, रिपोर्ट योगेश मुदगल

एटा। जिले में लंपी वायरस के लक्षण एक गाय में सामने आए हैं। इसे लेकर निगरानी बढ़ा दी गई है। खासतौर से पशुपालकों को सुझाव दिया जा रहा है कि अभी जिन राज्यों, जिलों में बीमारी फैली है, वहां से पशु खरीदकर न लाएं। इसके साथ ही पशु पैठों पर रोक लगाने की भी तैयारी कर ली गई है।

जलेसर क्षेत्र के गांव कुंजलपुर में शनिवार को एक गाय में लंपी स्किन डिसीज के लक्षण दिखे। पशुपालक की सूचना पर वहां पशुपालन विभाग की टीम गई। टीम ने भी लक्षणों को देख इसे संदिग्ध केस माना और गाय को आइसोलेट कर उसका इलाज शुरू कर दिया। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एसपी सिंह ने बताया कि इस समय लंपी बीमारी को लेकर विशेष निगरानी रखी जा रही है। हर तहसील क्षेत्र पर डिप्टी सीवीओ के नेतृत्व में एक-एक टीम का गठन किया गया है। जिसमें दो डॉक्टर और एक पशु धन प्रसार अधिकारी शामिल किया गया है। इनके नंबर जारी किए गए हैं।

किसी भी पशुपालक को अगर पशु में लंपी बीमारी के लक्षण महसूस होते हैं तो तुरंत टीम के नंबर पर संपर्क करे। उन्होंने बताया कि राजस्थान, हरियाणा में बीमारी का प्रकोप ज्यादा है। ऐसे में पशुपालकों को राय दी जा रही है कि फिलहाल इन क्षेत्रों से पशु खरीदकर न लाएं। यह भी बताया कि पशु पैंठों में भी लोग बाहर से पशुओं को खरीद-फरोख्त के लिए लाते हैं। जिलाधिकारी से इस तरह की पैंठों पर रोक लगाने के लिए अनुमति लेकर कार्रवाई की जाएगी।

About The Author

निशाकांत शर्मा (सहसंपादक)

यह खबर /लेख मेरे ( निशाकांत शर्मा ) द्वारा प्रकाशित किया गया है इस खबर के सम्बंधित किसी भी वाद - विवाद के लिए में खुद जिम्मेदार होंगा

Learn More →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

अपडेट खबर के लिए इनेबल करें OK No thanks