
“बालिका के दुष्कर्मी को 20 साल की सजा”,
एटा: रेप और पोक्सो एक्ट की विशेष अदालत ने सोमवार को 12 वर्षीय बालिका से दुष्कर्म कराने का आरोप साबित होने पर दोषी को 20 साल के कारावास व 50 हजार रुपया जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माने की पूरी राशि प्रतिकर स्वरूप पीड़िता को देने का आदेश दिया।
अवागढ़ थाना पुलिस द्वारा भेजे गए आरोपपत्र में बताया गया कि 11 फरवरी, 2015 को 12 वर्षीय बालिका बसुंधरा के बाजार से सब्जी और तेल लेकर अपने गांव लौट रही थी। तकरीबन 12.45 बजे उसे गांव राजगढ़ के चंदू जाटव व प्रमोद मिले। उसे बहला फुसला कर निजामपुर निवासी सुरेद्र सिंह के सरसों के खेत में ले गए। दोषियों ने बच्ची से साथ दुष्कर्म किया। वारदात की जानकारी पर बच्ची के पिता ने आरोपितों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। अदालत में शासकीय अधिवक्ता शांतनु पाराशर व श्रीकृष्ण यादव ने गवाहों के बयानों व सबूतों के आधार पर आरोपों को साबित कराया। विशेष न्यायाधीश कैलाश कुमार ने आरोपित प्रमोद को दोषी पाने पर 20 साल के कारावास व 50 हजार रुपया जुर्माने की सजा सुनाई। वहीं सह आरोपित चंदू की दौरान मुकदमा मौत हो जाने के कारण उसके खिलाफ अदालत ने सात मई को प्रक्रिया बंद करने का आदेश दिया। बिस्कुट दिलाने के बहाने किशोर ने किया बच्ची से दुष्कर्म