कोरोना का एहतियाती टीका लगवाने आगे आएं लोग : सीएमओ
-बच्चों के लिए भी कोरोना टीकाकरण आवश्यक

एटा ! कोरोना से बचने के लिए टीकाकरण अतिआवश्यक है। जिले में 18 वर्ष से अधिक उम्र के लक्षित लगभग सभी व्यक्तियों को कोरोना टीका की दोनों डोज लगाई जा चुकी हैं। विभाग अब 12 से 18 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के कोविड टीकाकरण व पात्र लाभार्थियों को एहतियाती टीका लगवाने के लिए जागरूक कर रहा है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. उमेश कुमार त्रिपाठी ने कहा कि कोरोना का खतरा अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। ऐसे में टीकाकरण ही ऐसा कवच है। इसके जरिए स्वयं या अपने परिजन को कोविड संक्रमण से बचाया जा सकता है। इसलिए बिना लापरवाही बरते सभी पात्र लाभार्थियों को अपना टीकाकरण करा लेना चाहिए। अधिकतम टीकाकरण के लिए स्वास्थ्य विभाग के प्रतिदिन विभिन्न स्थानों पर बूथ लगाए जा रहे हैं।
सीएमओ ने बताया कि जनपद में 18 वर्ष से अधिक आयु के लक्षित लोगो में से 99.45% लोगों को कोविड टीका की दोनों डोज दी जा चुकी हैं। अब पात्र लाभार्थियों को एहतियाती टीका लगवाने के लिए आगे आना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोगों को यह समझने की आवश्यकता है।, टीका लगने के बाद शरीर में पर्याप्त मात्रा में एंटीबॉडीज तो बनने लगती हैं, परंतु यह एंटीबॉडी एक निश्चित समय के लिए बनती है। ऐसे में एक निश्चित अवधि के बाद एहतियाती टीका लगवाना बेहद आवश्यक होता है, जिससे शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता बनी रहे। इसलिए टीका की दूसरी डोज लगने के 9 माह बाद एहतियाती डोज अवश्य लगवा लें।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी (डीआईओ) डॉ. राम सिंह ने लोगो से अपील की है कि सभी पात्र लाभार्थी शीघ्र अपना टीकाकरण करा लें। साथ ही उन्होंने बताया कि जनपद में 12 से 18 आयु वर्ग के बच्चों के टीकाकरण के लिए प्रतिदिन टीकाकरण केंद्र बनाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों के टीकाकरण को ले