
अलीगंज में कई मन्दिरों की भूमि पर कर लिया कब्जा
एटा – अलीगंज के डांक बंगला स्थिति विश्वनाथ मंदिर की जमीन पर कब्जा कर लिया है। प्रदेश की पूर्व सरकारों में मन्दिर प्रबंध समिति को तमाम शिकायतों के बाद भी न्याय नहीं मिला। प्रदेश में भाजपा सरकार बनी है। तब लोगों का विश्वास जगा है कि अब प्रदेश के मंदिरों से अवैध कब्जे हटाये जाएंगे।
अलीगंज के डांक बंगला पर सन 1934 में बने विश्वनाथ मंदिर प्रबंध समिति के गौरव गुप्ता ने बताया कि यह मन्दिर पूर्वजों की जमीन पर बना है। जिसका पूरा लेखा-जोखा तहसील अलीगंज में उपलब्ध है। पूर्व सरकारों में मन्दिर की भूमि पर कब्जे कर लिए है। जब से प्रदेश में योगी की पुन: सरकार स्थापित हुई है। उनको उम्मीद जगी है। कई बार मन्दिर परिसर में हुए अतिक्रमण, कब्जों की शिकायत अधिकारियों से की। कोई निर्णय नहीं लिया गया। ऐसा नहीं है कि अलीगंज के इसी मंदिर पर कब्जा है। अलीगंज नगर में स्थित पुराना शिवालय मन्दिर, बड़े मन्दिर, मोहल्ला राधाकृष्ण में बने मंदिरों पर लोग कब्जा किए बैठे हैं। वास्तविकता यह है कि यह सभी मन्दिर समाजिक सम्पत्ति है। उच्चतम न्यायालय ने स्पष्ट आदेश पारित कर दिया है कि किसी भी मन्दिर का पुजारी, सर्वराकार मन्दिर का मालिक नहीं हो सकता। उत्तर प्रदेश में योगी सरकार बनने से अब यह तो निश्चित हो गया है। जितने भी कब्जा कर रखा है। वह सारी संपत्ति कब्जा मुक्त होने का समय आ गया है।