
आठ साल बाद निपटा जमीन विवाद, पशुधन विभाग का रहेगा कब्जा – रिपोर्ट शुभम शर्मा
अलीगढ़ – हरदुआगंज के अर्न्तगत आने वाले गुरसिकरन की 634 एकड़ जमीन पर चला आ रहा विवाद अब आठ साल बाद जाकर खत्म हो गया है। इस जमीन पर पशुधन विभाग का कब्जा रहेगा। वन विभाग 0.4 घनत्व आकार के पेड़ों को चिन्हित कर ग्रीनबेल्ट विकसित करेगा।2014 में सपा सरकार के कार्यकाल में गुरसिकरन में करीब 200 एकड़ स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का निर्माण कराए जाने की घोषणा की गई थी। करीब 100 एकड़ के करीब जमीन एडीए को आवासीय योजना के लिए दी गई थी। शेष जमीन को अन्य योजनाओं के लिए आरक्षित किया गया। उस समय जब राजस्व विभाग ने जमीन की नापतौल कराना शुरू किया था तो स्थानीय वनप्रेमी नंद किशोर वत्स ने एनजीटी में अपील दायर की थी। आरोप लगाया गया था कि प्रदेश सरकार गुरसिकरन क्षेत्र से बड़ी मात्रा में पेड़ काट रही है। पर्यावरण के लिए यह ठीक नहीं हैं। इसके साथ ही कहा गया था कि यह जमीन तो सीडीएफ की है। एनजीटी ने अपील पर सुनवाई करते हुए निर्देश दिए थे कि प्रदेश सरकार खुद जमीन उपयोग के फैसले को लेकर आपत्तियों का निस्तारण करें। इस पर शासन स्तर से कृषि उत्पादन आयुक्त के नेतृत्व में एक कमेटी गठित हुई। उन्होंने सभी पक्षों की सुनवाई के लिए अलग-अलग पांच बैठकें की।