
8 दिसम्बर को 6 सूत्रीय मांग एवम क्षेत्रीय जन समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर विशाल धरना प्रदर्शन के सम्बंध में रेस्ट हाउस में हुई बैठक।जबलपुर आज दिनांक 21 नवम्बर दिन रविवार को दोपहर 1 बजे स्थानीय रेस्ट हाउस मैहर में आगामी 8 दिसम्बर 2021 को क्षेत्रीय जन समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर विशाल धरना प्रदर्शन के सम्बंध में मैहर प्रभारी डॉ रश्मि सिंह पटेल एवम वरिष्ठ कांग्रेस नेता पंडित रामनिवास उरमलिया व प्रदेश महामंत्री देवदत्त सोनी एवम पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष धर्मेश घई, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष आरके सिंह की मौजूदगी हुई बैठक एवम विशाल धरना प्रदर्शन व 6 सूत्रीय मांगों के सम्बंध में की गई चर्चा व धरना प्रदर्शन की रूपरेखा तैयार की गई, कार्यक्रम स्थल पुरानी नगर पालिका के पीछे घंटाघर के पास होना है,
जैसा कि हम सब जानते हैं कि हमारा मैहर जिला बनते बनते रह गया कांग्रेश की जन हितैषी सरकार में मैहर वासियों की पीड़ा को समझते हुए मैंहर को जिला बनाने की सहमति प्रदान की लेकिन सरकार बदलते ही वर्तमान भाजपा सरकार ने मैहर वासियों के सपने को चकनाचूर करते हुए फिर से पीड़ा पहुंचाने का काम कर दिया और इस तरह से मैहर को जिला बनने से रोक दिया लिहाजा एक बार पुनः मैहर के लोगों की ज्वलंत समस्याओं के समाधान की दिशा में एक कारगर प्रयास माननीय अजय सिंह राहुल भैया पूर्व नेता प्रतिपक्ष मध्यप्रदेश विधानसभा के मुख्य अतिथि में उक्त आंदोलन किया जा रहा है जिसमें आमजन की उपस्थिति प्रार्थनीय है प्रमुख मांग
(1) मैहर को जिला बनाया जाए।
(2) रवि फसल को ध्यान में रखते हुए किसानों के हित में बिजली समस्या का समाधान जैसे अघोषित बिजली कटौती बंद की जाए तथा जले हुए ट्रांसफार्मर अभिलंब बदले जाएं
(3) राजस्व निरीक्षक मंडल नादन एवं तिलोरा के किसानों की एक और सबसे बड़ी आफत बंसीपुर जंगल में हजारों की संख्या में विचरण करने वाले नीलगाय वनरोज है जो कि किसानों की फसल को भारी नुकसान पहुंचाते हैं लिहाजा वन विभाग नील गायों का माकूल इंतजाम करें
(4) करोना कॉल 2021 के दौरान मैहर में बहुत बड़ा खाद्यान्न घोटाला हुआ मां अप्रैल से नवंबर 2021 तक 10 माह की निशुल्क राशन मिलने चाहिए था जो नहीं मिला कुल 7 माह का ही निशुल्क राशन मिला है 3 माह का राशन उचित मूल्य की दुकान में भेजा ही नहीं गया लिहाजा उद्यान कहां गया इसकी जांच की जाय।
( 5) प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के मजदूरी भुगतान में जनपद पंचायत मैहर द्वारा करोड़ों रुपए का घोटाला किया जा चुका है अर्थात अब तक जितने भी घर उक्त योजना के तहत बनाए गए हैं किसी भी आवास हितग्राही को मनरेगा के तहत मिलने वाली 18000 की मजदूरी नहीं दी गई लिहाजा यह सुनिश्चित किया जाए कि आवास हितग्राही को मजदूरी के 18000 हर हाल में मिलने चाहिए।
(6) मैहर सीमेंट हब होने के बावजूद भी यहां बेरोजगारी अपने चरम पर है स्थानीय नौजवान दर दर की ठोकर खाते हुए भटक रहा है स्थानीय जनप्रतिनिधि और प्रशासन बेरोजगारी के मुद्दे पर खामोश है लिहाजा स्थानीय बेरोजगारों को प्राथमिकता दी जाए । इस बैठक में अरुण तनय मिश्रा, पार्षद प्रभात दुवेदी उर्फ दद्दा, दद्दू चौरसिया, मुनि चौरसिया, सौरभ शर्मा, मुकेश सेन,छोटू शर्मा, शशि मिश्रा , अशोक सराफ,नितिन सराफ, अजिर बिहारी दुवेदी, अनिता शर्मा सहित काफी संख्या में युवा कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे,
वही इस बैठक के दौरान कार्यक्रम प्रभारी डॉ रश्मि सिंह के पहुचते ही पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष आरके सिंह द्वारा खुली विरोध से मामला काफी गर्माता नजर आ रहा था लेकिन इस गर्माहट के बीच बैठे पत्रकारों ने देखा और सुना उससे ये समझ मे आया कि हजारों की तादाद में कांग्रेसी है लेकिन किसी भी कार्यक्रम या किसी भी बैठक में उपस्थित होना ये मैहर के कांग्रेसियों को देखने से उत्सुकता नही समझ मे आती कभी टाइम पर न आना कभी किसी भी कार्यक्रम या बैठके के सम्बंध में हाईकमान के सूचनाओं को एक दूसरे के बीच मे शेयर नही करना एक जुटता नही दिखाना केवल एक दूसरे की टांग खीचना ये मैहर के स्थानीय कांग्रेसियों में दिखाई दिया, अब ये सवाल उठ रहा है कि ऐसा क्या हुआ कि कांग्रेस के जिला पदाधिकारी के द्वारा मैहर प्रभारी नियुक्ति किये जाने से भड़क गए कुछ नेता तो यह भी कहने लगे कि हमे पता ही नही की मैहर के कार्यक्रम में बाहर से आई रश्मि सिंह क्यो इंटर फेयर कर रही है, जानकारों की माने तो डॉ रश्मि सिंह अपने पार्टी व कार्य को लेकर इतनी शख्त व तेज है कि मैहर क्षेत्र के कुछ कांग्रेसी नेताओं को हजम नही हो रहा है, इस लिए विरोध खुद न करके दुसरो के कंधे पर बंदूक रखकर गोली चलाने का काम आज किया गया, एक तरह से देखा जाय तो इतनी एक्टिव महिला नेत्री को अपने क्षेत्र में टाइम टेबल से काम करते देख लोगो की नजर लगने लगी है, लेकिन आज मैहर रेस्ट हाउस की बैठक में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के बीच जिस तरह महिला को अपनी सफाई देनी पड़ी बड़ी ही बेइज्जती महसूस दुसरो को हुई, एक तो मैहर के अधिकतर नेता कुछ करने में आगे नही आते और कोई कुछ करने के लिए जोश भरता है उसको भी अपनी कड़वी बातों से जलील कर पीछे कर देते है खैर मामले को शांत करते हुए पंडित रामनिवास उरमलिया ने बैठक की चर्चाओं पर जोर डालते हुए अपनी कार्यक्रम को लेकर पत्रकारों से चर्चा की।