
सर्टिफिकेट हो गया जारी, नहीं लगा कोविड का टीका – रिपोर्ट शुभम शर्मा
अलीगढ़ – कोविड-19 टीकाकरण में फिर गड़बड़ी सामने आई है। कई लोग बिना टीका लगे ही सर्टिफिकेट जारी होने की शिकायतें लेकर दफ्तर पहुंच रहे हैं। ताजा मामला रामबाग की नीरेश का है, जिनका टीकाकरण कराए बिना ही सर्टिफिकेट तैयार हो गया। टीका भी कर्नाटक में लगा हुआ दर्शाया गया है। इससे नीरेश और उनके परिवार हैरान और परेशान हैं।रामबाग निवासी अधिवक्ता ब्रह्मदेव शर्मा ने बताया कि मैंने स्वयं व पत्नी नीरेश शर्मा का जनवरी-फरवरी में कोविन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराया। इसके बाद मैंने तो दोनों टीके लगवा लिए, लेकिन पत्नी को कोरोना हो गया। इससे उनका टीकाकरण नहीं हो पाया। पहला टीका लगवाने की तैयारी कर ही रहे थे कि 12 नवंबर की दोपहर रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर अंग्रेजी में मैसेज आया कि आपकी पहली डोज सफलतापूर्वक लग गई है। मैसेज देखकर हैरानी हुई, क्योंकि पत्नी तो केंद्र पर टीका लगवानी गईं ही नहीं थी। रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर की मदद से सर्टिफिकेट लोड किया गया। इसमें तिथि के साथ लगी वैक्सीन का बेच नंबर अंकित था। अगली डोज के लिए चार फरवरी से चार मार्च 2022 की तिथि दी गई। वैक्सीन लगाने वाली स्वास्थ्य कर्मी का नाम शैलजा लिखा हुआ है। अंत में टीकाकरण केंद्र का नाम देखा तो और भी हैरानी हुई। इसमें पाराजा एससी, कोटागू, कर्नाटक लिखा हुआ था। ब्रह्मदेव शर्मा ने बताया कि सर्टिफिकेट देखने के बाद में मैंने 1075 व अन्य हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करने का प्रयास किया, मगर सफलता नहीं मिली। फिर स्वास्थ्य मंत्रालय व अन्य अधिकारियों को ट्वीट किया। सीएमअो कार्यालय में भी संपर्क किया है। सवाल ये है कि बिना टीका लगाए मैसेज कैसे आ गया।