
बिना कोरोना जांच कराए जिला अस्पताल में नहीं मिलेगा उपचार
एटा – बढ़ते कोरोना संक्रमण के फैलाव को रोकने के उद्देश्य से जिला अस्पताल में बिना कोरोना जांच कराए मरीजों को उपचार नहीं मिलेगा। ओपीडी में चिकित्सक के पास जाने से पूर्व कोरोना जांच अनिवार्य कर दी गई है। इसके बाद शनिवार को सुबह आठ से दो बजे तक ओपीडी कक्ष में नाममात्र को ही मरीज पहुंचे।
शुक्रवार को जिला अस्पताल में अचानक हुई कोरोना जांच में पंद्रह लोग पॉजिटिव निकले। उसके बाद जिला अस्पताल की ओपीडी में उपचार को आने वाले मरीजों की जांच को कोरोना की जांच अनिवार्य कर दी गई। जांच में नैगेटिव आने वाले लोगों को ही ओपीडी में चिकित्सक परीक्षण कर उपचार प्रदान करेंगे। शनिवार को सुबह 9 बजे के बाद लोग अस्पताल में उपचार कराने पहुंचे। जहां मुख्य गेट पर बैठे स्वास्थ्य कर्मियों ने उनसे कोरोना जांच रिपोर्ट लेकर आने को कहा। जिला अस्पताल में उपचार को कोरोना जांच रिपोर्ट मांगे जाने पर लोग भौचक रह गये। अधिकांश लोग कोरोना जांच कराने के डर से ही वापस लौट गए। उसके बाद भी शनिवार को लगभग दो सौ लोगों ने जिला अस्पताल परिसर स्थित कोविड-19 जांच सेंटर पर जांच करायी। जांच में 13 कोरोना पॉजिटिव निकले हैं। जांच में नैगेटिव निकले अन्य लोगों ने ओपीडी में पहुंचकर चिकित्सक से परीक्षण कराकर उपचार लिया है।
बिना मास्क उपचार को ओपीडी कक्ष में प्रवेश प्रतिबंधित:एटा। जिला अस्पताल में शनिवार से कोरोना जांच के साथ-साथ बिना मास्क पहुंचने वाले लोगों को भी लौटाया गया। जब लोग मास्क और कोरोना जांच रिपोर्ट लेकर पहुंचे। उनके हाथ सेनेटाइज कराकर स्वास्थ्य कर्मियों ने अंदर प्रवेश करने दिया। उससे शनिवार को दिन में ओपीडी कक्ष में मरीजों की संख्या एक-दो ही में हुई। उससे चिकित्सक एवं पैरामेडिकल स्टाफ ने भी राहत की सांस ली है।