
दाऊद ने उद्धव को धमकी नहीं दी बल्कि एजेंसीज ने उद्धव को दाऊद से बात करते पकड़ा…? दिल्ली और मुम्बई मीडिया में ये हलचल बहुत तेज है कि दाऊद ने बीती रात उद्धव से बात की थी? ये बातचीत इतनी गुप्त तरीके से हुई थी कि उद्धव और दाऊद दोनों को पूर्ण विश्वास था कि एजेंसीज ट्रेस नही कर पाएगी, पर भारतीय एजेंसीज तो उस्ताद ऊपर से दाऊद का कॉल, ट्रेस कर लिया? खबर PMO, NSA के जरिए पीएम को दी गयी, वेट एंड वाच का फरमान आया, शायद इसलिए कि केंद्र जानना चाहता था कि कॉल एकतरफा थी या सहमति से की गई कॉल थी..? जब दोपहर तक महारष्ट्र से कोई हलचल नहीं हुई फिर केंद्र को पक्का विश्वास हो गया कि बात सहमति से की गई है। खबर फोन रिसीव करने वाले तक पहुँचाई गई कि रात जो तुमने कांड किया है वो हमें पता चल चुका है….! फिर उद्धव को काठ मार गया और आनन फानन में PR मीडिया के जरिये ये अफवाह फैलाई गई कि दाऊद ने कॉल कर महाराष्ट्र सीएम को धमकी दी है …! आप खुद सोचिए कि अगर दाऊद जैसा डॉन किसी राज्य के मुख्यमंत्री को रात में धमकी देता है फिर उस राज्य का पुलिसिया तंत्र और प्रशासनिक अमला अगले दिन 4 बजे शाम तक सोता रहेगा? अगर धमकी रात को मिली थी फिर रात को ही मीडिया को जानकारी क्यों नही दी गई? सुबह दे देते, पर वो भी नही किया? हाँ, संजय राउत ऐसे ही नहीं v पगलाया हुआ है…. कोई ऐसा बहुत बहुत बड़ा फँसा है जिसे बचाने के लिए हर यत्न किए जा रहे हैं… आप भी जानते हैं वो बड़ा कौन है इस समाचार की शान समाचार पुष्टि नही करता