
जनपद एटा की थाना कोतवाली जैथरा में नाबालिक बच्ची से यौन उत्पीड़न के आरोपी के परिजनों ने पुलिस पर साज में शामिल होकर झूठा मुकदमा लिखने के आरोप लगाए हैं , यूं तो हर आरोपी खुद को निर्दोष बताता है लेकिन यहां कुछ तथ्य मौजूद हैं , जो मामले में साजिश होने की बातों का समर्थन कर रहे हैं ।
थाना कोतवाली जैथरा में दिनांक 17/02/2025 पंजीकृत मु०अ०सं०- 0038/2025 में आरोपी की गिरफ्तारी पर सवाल खड़े हो रहे हैं ।
जैथरा पुलिस ने एक बच्ची के यौन उत्पीड़न के मामले में गंभीर धाराओं में दिनांक 17/02/2025 को मुकदमा पंजीकृत किया , जिसमें दिनांक 18/02/2025 को आरोपी को गिरफ्तार करना बताया है ।
इसी पूरे मामले पर अब सवाल खड़े हो गए हैं , आरोपी के परिजन पहले से ही पुलिस पर साज के तहत मुकदमा लिखने से एक दिन पहले ही आरोपी को गिरफ्तार होना बता रहे हैं ।
परिजनों के दावों को आरक्षी ने दिया बल
परिजनों के इन आरोपों को तब बल मिला जब धुमरी चौकी पर तैनात पुलिस आरक्षी ने पत्रकार से बात करते हुए स्वयं स्वीकार किया
कि दिनांक 16/02/2025 को मैंने
चौकी इंचार्ज साहब के कहने पर मैने फोन किया , इस बात के पूरे साक्ष्य हैं कि आरक्षी ने कई बार लगातार आरोपी भीमसेन को फोन किया ।
आरक्षी बातचीत में यह भी बता रहा है कि जब 16/05/2025 को आरोपी जब चौकी बुलाया गया
तब वह छोटी बच्ची भी वहां मौजूद थी , उस समय शाम को धुमरी चौकी में बच्ची की उपस्थिति मामले को और भी अधिक संदेहास्पद बना रही है ।
इसके बाद आरक्षी ने आगे बात करते हुए स्वीकार किया कि दिनांक 16/02/2025 को ही शाम को आरोपी भीमसेन को गिरफ्तार किया गया , जबकि घटना से संबंधित मुकदमा 17/02/2025 को पंजीकृत हुआ और पुलिस 18/02/2025 को आरोपी को गिरफ्तार करना बता रही है।
यहां फंस रहा पेच
मुकदमे से एक दिन पहले धुमरी चौकी प्रभारी के कहने पर आरक्षी द्वारा कई बार लगातार फोन करना ,
इस पर सफाई दी जा रही है कि आरोपी हैंडपंप का मिस्त्री था जिसे चौकी की पाइपलाइन सही करने के लिए बुलाया था , लेकिन अगर यह बात सही है तो उसे समय
वह छोटी बच्ची चौकी पर क्या कर रही थी ? दिनांक 16/05/2025 को शाम के बाद आरोपी ने किसी की कॉल अपने फोन पर रिसीव क्यों नहीं की ? आरोपी भीमसेन के परिजनों का कहना है कि भीमसेन के मोबाइल की लोकेशन निकल जाए तो पता चल जाएगा कि वह
दिनांक 16/02/2025 को रात भर कहां था और सुबह कहां था और अगले दिन कहां था , दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा सच्चाई सबके सामने आ जाएगी ।
बड़ा सवाल – क्या पुलिस के उच्चाधिकारी मामले का स्वतः संज्ञान लेकर कोई कार्यवाही करेंगे या कोई एक्शन नहीं होगा ?