एक बार जरूर सोचें

एटा,गर्मी के साथ-साथ जैसे ही आंधी तूफान और बारिश का समय आता है वैसे आम जनमानस के मन में बिजली जाने और आने को लेकर तमाम सवाल पैदा हो जाते हैं।आम लोगों की धारणा के अनुसार बिजली वाले आम जनमानस को परेशान करने के लिए अपने मर्जी से बिजली काटते हैं। जबकि ऐसा कभी नहीं होता किसी भी विद्युत कर्मचारी का इरादा किसी भी कीमत पर आम जनमानस को परेशान करने का नहीं होता।
बहुत से कम लोगों को इस बात की जानकारी है की बिजली के आने और जाने और कटौती के समय को भी एक रजिस्टर पर नोट किया जाता है
वर्तमान सरकार के निर्देशानुसार शहरी मुख्यालय को 24 घंटे विद्युत उपलब्ध कराने के मामले में 33kv विद्युत सब स्टेशन से लेकर शक्ति भवन तक इस बात की जानकारी संबंधित अधिकारियों को समय-समय पर दी जाती है
वर्तमान समय में एटा में तैनात विद्युत कर्मचारी और अधिकारियों की बात की जाए तो पिछले दिनों आई आंधी और तूफान और बारिश के मामले में मैंने अपनी आंखों से विद्युत विभाग के अवर अभियंता और एसडीओ स्तर तक के अधिकारियों को बारिश में रात दो से 3 बजे तक विद्युत सब स्टेशन पर बैठे देखा है
अब सुनिए आपबीती
बीती रात लगभग 10 बजे 33 KV कोतवाली देहात सब स्टेशन से संबंधित शिकोहाबाद रोड की बिजली अचानक गायब हो गई
जब सब स्टेशन फोन किया गया तो मौके पर मौजूद SSO द्वारा जानकारी दी गई की भगीपुर में बिजली खराब है
जब काफी देर तक बिजली नहीं आई तो अवर अभियंता मनीष कुमार महोदय का मैंने फोन किया तो किन्ही कारणवश उनका फोन नहीं उठा इसके बाद मैं एसडीओ कोतवाली देहात सब स्टेशन दिलीप कुमार भारती को मेरे द्वारा फोन पर सूचित किया गया तो उन्होंने 10 मिनट में बिजली आने का भरोसा दिलाया
और सबसे अच्छी बात यह रही कि मैं जब उनको फोन किया तो दूसरी घंटी जाने पर ही उनके द्वारा फोन को रिसीव भी किया गया और गुणवत्ता पूर्वक जवाब भी दिया गया
उनके द्वारा जवाब दिया गया के अगले 10 मिनट में बिजली आ जाएगी जिससे कि उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना न करना पड़े
रात लगभग 12:45 मिनट तक बिजली के आने जाने का सिलसिला चलता रहा वही जब एसडीओ साहब दिलीप कुमार भारती ने जिस समय बिजली आने का वादा किया उससे पहले ही बिजली मिल गई
वहीं एसडीओ साहब जे ई मनीष जी ने खुद मुझे फोन करके इस बात को सुनिश्चित किया कि बिजली मिली या नहीं
ऐसे में किसी भी बिजली विभाग के अधिकारी या कर्मचारी को बिजली को लेकर गाली देना या उनको अपशब्द कहना किसी भी कीमत पर ठीक नहीं है क्योंकि किसी भी कर्मचारी की मंशा आम उपभोक्ताओं को परेशान करने कि नहीं है
हर सम्मानित उपभोक्ता को गर्मी के समय में कूलर और AC में सुविधा मिले उसके लिए यह सभी अधिकारी अपने घर के बाहर धूप में खड़े होकर बिजली खराब होने पर सही भी कराते हैं और सर्दी के समय में भी यह अपने इसी काम को अंजाम देते हैं
इसलिए बिजली विभाग के किसी अधिकारी और कर्मचारी जो जान जोखिम में डालकर काम करते हैं हर जनमानस के लिए उनको गाली देने से पहले इन सभी बातों पर एक बार सोचना जरूर