शिकायतों की भरमार, पोर्टेबिलिटी का नहीं लिया लाभ

एटा, । राशन डीलरों से संबंधित शिकायतें रोजाना होती हैं। कोई राशन कम देने की शिकायत करता है तो कोई राशन ना देने की। सरकार ने कोई भी पॉर्टेबिलिटी की सुविधा का लाभ नहीं लिया। सरकार ने अब फिर से निर्देश जारी किया है।
जिले में तीन लाख 13 हजार राशन कार्ड धारक है। इसमें 27164 अंत्योदय कार्ड धारक है। अधिकारियों पर राशन संबंधी शिकायतें आती है। एक अनुमान के मुताबिक जिले में तीस अधिक शिकायतें राशन संबंधी आ जाती है। शिकायत आते ही उन्हें जांच के लिए भेज दिया जाता है। जैसे ही जांच के लिए आदेश आता है वैसे ही शिकायतकर्ता इसके पीछे लग जाते हैं। उनकी मंशा राशन डीलर पर कार्रवाई की रहती है। किसी भी राशन कार्ड धारक ने सरकार की ओर से दी जाने वाली सुविधा पॉर्टेबिलिटी की नहीं ली। आने वाली इन शिकायतों से अधिकारी भी परेशान रहते हैं। अधिकांश जांचों में राशन डीलर कम ही दोषी मिलते है। व्यक्तिगत कारणों से शिकायत होना भी बताया जाता है।
सरकार की ओर से जारी किया नया आदेश एटा। डीएसओ कमलेश कुमार गुप्ता ने बताया कि अभी किसी भी राशन डीलर की ओर से दुकान बदलने संबंधी कोई आवेदन नहीं दिया है। एक नया आदेश और आया है। इसमें कहा है कि यदि कार्डधारक विगत 06 माह से अपनी मूल दुकान से खाद्यान्न प्राप्त न करके जनपद की किसी अन्य दुकान से खाद्यान्न प्राप्त कर रहा है तो उचित होगा कि राशन कार्डधारक अपने राशनकार्ड को पोर्टेबिलिटी सुविधा से खाद्यान्न प्राप्त करने वाली दुकान से ही सम्बद्ध करा लें। इससे कार्डधारक अपनी मनचाही दुकान को मूल दुकान के रूप में चुन सकेगा। विकल्प के माध्यम से शहरी क्षेत्र का कार्डधारक द्वारा अपने जनपद के शहरी क्षेत्र की अन्य उचित दर दुकानों चयन की जा सकेगी। ड्रॉप डाउन बॉक्स में नयी दुकान का चयन विकल्प प्रदर्शित होगा, जिसके आधार पर नयी दुकान का चयन करना होगा।
एसडीएम को जांच में मिली खामियां एटा। एसडीएम सदर भावना की ओर से ब्लॉक निधौली कला में रामनगर जिटोली, शीतलपुर ब्लॉक में राशन की दुकानों का निरीक्षण किया। इसमें स्टॉक रजिस्टर बिक्री रजिस्टर, साफ सफाई, पॉश मशीन आदि व्यवस्थाओं को देखा गया। अव्यवस्था मिलने पर नोटिस एवं जुर्माने की कार्रवाई की गई। राशन डीलरों को साफ सफाई एवं स्टॉक रजिस्टर सत्यापन कराने के लिए निर्देश दिए गए। जिटोली और शीतलपुर की दुकानदार पर जुर्माना भी लगाया गया।
राशन संबंधी शिकायत काफी आती है, जो भी शिकायतें आती है उन पर जांच कराई जाती है, जो शिकायतें आती है उसमें कुछ सही भी होती है। अगर किसी कार्ड धारक को राशन नहीं मिल पा रहा है अथवा कोई समस्या है तो वह राशन की दुकान को बदल सकता है।
आलोक कुमार, एडीएम प्रशासन