प्रयागराज में माफियाराज का नहीं हुआ अंत:1 करोड़़ की रंगदारी मांगने और मारपीट का आरोप

प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की हत्या के बाद लोगों ने सुकून की सांस लेते हुए माफियाराज का अंत मान लिया था, लेकिन माफियाराज का अंत नहीं हुआ है।प्रयागराज में जेल से जमानत पर बाहर आने के बाद पशु माफिया और गौ तस्कर मोहम्मद मुजफ्फर पर 1 करोड़ की रंगदारी मांगने और मारपीट करने का आरोप लगा है।पीड़ित की शिकायत पर पुरामुफ्ती थाने में रंगदारी सहित कई गंभीर धाराओं में मोहम्मद सहित 8 लोगों पर एफआईआर दर्ज हुई है।
जानें पूरा मामला
कौशांबी के रहने वाले राम सजीवन का आरोप है कि उसके ईंट भट्टे पर मोहम्मद मुजफ्फर ने पहले कब्जा कर लिया था,लेकिन बाद में वो जमीन उसे वापस मिल गई। जेल से बाहर आने के बाद मोहम्मद और उसके साथियों ने जमीन वापस मांगी या फिर उसके बदले एक करोड़़ की रंगदारी देने के लिए कहा और जमकर पिटाई भी की। पुलिस ने मुजफ्फर सहित 8 लोगों पर धारा 147,148,149,341,447,323,504,506,307,386 सहित अनुसूचित जाति जनजाति अधिनियम की धारा 3(2)-v के तहत एफआईआर दर्ज किया है।
सपा से ब्लाॅक प्रमुख का चुनाव लड़ा था गौ तस्कर मोहम्मद
गौ तस्कर मोहम्मद मुजफ्फर जेल में रहते हुए समाजवादी पार्टी से ब्लाॅक प्रमुख का चुनाव लड़ा था और जीत दर्ज की थी,लेकिन शपथ नहीं ले पाया था।मोहम्मद खिलाफ प्रयागराज, कौशांबी, चंदौली, वाराणसी, प्रतापगढ़़ में कुल 17 मुकदमें हैं।ये मुकदमे गौ तस्करी, धमकी और मारपीट सहित अन्य गंभीर धाराओं में दर्ज हैं। मोहम्मद कई सालों बाद जमानत पर पिछले महीने बाहर आया है।पुलिस ने मोहम्मद की लगभग 200 करोड़ की प्रॉपर्टी कुर्क की है,जिसमें जमीन और मकान शामिल है।