जसरथपुर थाने में तैनात दरोगा की मौत, रिपोर्ट योगेश मुदगल

एटा/अलीगढ़, । क्वार्सी के देवसैनी गांव में एक दरोगा की घर के भीतर गुरुवार को गला दबाकर हत्या कर दी गई। इसके बाद घर के मुख्य द्वार पर अंदर से ताला लगाकर हत्यारा भाग गया।
एटा के जसरथपुर थाने में तैनात 52 वर्षीय दरोगा रामजीलाल पुत्र भगत सिंह मूलरूप से गालिबपुर, डिबाई, बुलंदशहर के रहने वाले थे। कुछ समय पहले क्वार्सी के देवसैनी में मकान बनवा लिया था। परिवार में पत्नी अंगूरी देवी, बेटा रंजीत और संदीप हैं। रंजीत ग्राम विकास अधिकारी है। पारिवारिक अनबन के कारण तीनों पिता से अलग रहते हैं। वाकया गुरुवार सुबह दस बजे करीब का है। रामजीलाल के बेटे ने पुलिस को सूचना दी कि पिता घर में अचेत पड़े हैं। घर के मुख्य द्वार पर अंदर से ताला लटका हुआ है। क्वार्सी पुलिस मौके पर पहुंची। ताला तोड़ा गया। रामजीलाल अचेत हालत में मिले। उनको दीनदयाल अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां शाम चार बजे करीब रामजीलाल की मौत हो गई। पुलिस ने परिवार से पूछताछ की तो बताया कि रामजीलाल बीमार चल रहे थे। संभवत घर में अकेले रहते हुए गिर पड़े और दम घुटने से मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम में स्पष्ट आया कि रामजीलाल की गला दबाकर हत्या की गई है। उनके गले की हड्डी टूटी पाई गई। परिवार को इस विषय में जानकारी दी गई। मगर, परिजन तहरीर को तैयार नहीं हुए। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने एसपी सिटी कुलदीप सिंह को जांच सौंप वैधानिक कार्रवाई को निर्देशित किया।