ब्लॉक सकीट की ग्राम पंचायत इशारा पूर्वी और हरकिशनपुर के सचिव को किया निलंबित
आवास घोटाले में पंचायतों के सचिव सस्पेंड किए, रिपोर्ट योगेश मुदगल

एटा, । अपात्रों को पीएम आवास योजना का लाभ दिलाने के मामले में दो ग्राम पंचायतों के सचिवों को सस्पेंड कर दिया गया। दोनों प्रधानों को नोटिस जारी किए गए। दोनों ग्रामों में हुए गोलमाल के मामले में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
ब्लॉक सकीट क्षेत्र की ग्राम पंचायत इशारा पूर्वी में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 46 में से 26 लाभार्थी अपात्र मिले थे। इसे देख कुछ दिन पहले बीडीओ शैली गोविल ने संबंधित ग्राम प्रधान मनीषा देवी और सचिव बलराम यादव के खिलाफ संबंधित थाने में एफआईआर कराई थी। इसके बाद क्षेत्र की ही ग्राम पंचायत हरकिशनपुर में भी आवास योजना के 46 में से 33 लाभार्थी जांच में अपात्र मिले थे। इसे देख बीडीओ ने संबंधित ग्राम प्रधान शीला देवी और सचिव अतुल यादव पर भी एफआईआर दर्ज कराई थी। ग्राम प्रधान और सचिव आवास योजना में दोषी मिलने पर मंगलवार को सीडीओ डॉ. अवधेश कुमार वाजपेयी के आदेशानुसार डीपीआरओ केके चौहान ने ग्राम पंचायत इशारा पूर्वी और हरकिशनपुर के दोनों सचिवों को निलंबित कर दिया है। दोनों ही ग्राम प्रधानों को नोटिस भेज स्पष्टीकरण मांगा है। प्रधानों द्वारा जवाब न मिलने पर खिलाफ भी शासन स्तर से कार्रवाई होगी।
एडीएम को बनाया गया जांच अधिकारी
ग्राम पंचायत शीतलपुर में हुए गोलमाल के मामले की शिकायत लोकायुक्त से की गई। इस मामले की शिकायत में डीएम अंकित कुमार अग्रवाल ने इस मामले की जांच करने के लिए कमेटी बनाई है। इस कमेटी का अध्यक्ष एडीएम वित्त एवं राजस्व आयुष चौधरी को बनाया गया है। शीतलपुर निवासी संजय सिंह पुत्र रामसहाय की ओर से गई शिकायत में स्कूल के लिए खरीदे गए फर्नीचर में गोलमाल किया गया। इसके अलावा गांव में किए गए विकास कार्यों में भी गडबड़ी कर दी गई। गड़बड़ी की शिकायत की गई। इसकी जांच करने के गए अधिकारियों ने भी सही से जांच नहीं की। आरोप है कि जो रिकवरी का पैसा निकला उसमें बदलाव कर दिया। रिकवरी की रकम को कम कर दिया गया।
सकीट क्षेत्र में अब तक मिले 104 अपात्र
प्रधानमंत्री आवास घोटाला में सबसे अधिक अपात्र ब्लॉक सकीट क्षेत्र में मिल रहे है। अभी तक हुई जांच में सकीट क्षेत्र में 104 से अधिक अपात्र मिल चुके है। अभी भी जांच चल रही है। सबसे पहले इसी ब्लॉक की शिकायत हुई थी। शिकायत के बाद हुए जांच में यह खुलासा हुआ था।
ब्लॉक सकीट क्षेत्र के दोनों ग्राम पंचायत अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया। दोनों गांवों के प्रधानों को नोटिस जारी किए गए।
-केके चौहान, डीपीआरओ, एटा