जल निगम ने जीटी रोड पर शुरू कराया ट्रंक सीवर लाइन का निर्माण कार्य, रिपोर्ट योगेश मुदगल
*धूल-जाम से फिलहाल निजात नहीं

एटा।जीटी रोड स्थित जिला पंचायत गेट के सामने बैरीकेटिंग कर सीवर लाइन बिछाने का कार्य करती मशीनें। ●
एटा – जल निगम ने जीटी रोड पर शेष रह गई मुख्य सीवर लाइन का निर्माण शुरू करा दिया है। इससे शहरवासियों को अब फिर से मार्ग पर गड्ढे, धूल एवं जाम की समस्याओं से कई महीनों तक जूझना पड़ेगा। मार्ग पर सीवरेज निर्माण कार्य फरवरी से मार्च तक होने की संभावना है।
शहरी सीवरेज योजना के तहत जल निगम ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय चौराहा से रेलवे पुल की ओर मुख्य सीवर लाइन बिछाने का कार्य शुरू करा दिया है। वर्तमान में मुख्य सीवर निर्माण कार्य जिला पंचायत गेट के सामने किया जा रहा है। जीटी रोड पर पर सीवरेज निर्माण शुरू होने के कारण रेलवे पुल से लेकर पंडित दीनदयाल उपाध्याय चौराहा तक जाम की गंभीर समस्या पैदा हो गई है।
जल निगम नगरीय एई रवेंद्र कुमार ने बताया कि पंडित दीनदयाल चौराहा से रेलवे पुल तक 650 मीटर लंबी ट्रंक सीवर लाइन बिछाने का कार्य कराया जा रहा है। चौराहे पर खुली खुदाई करने के कारण चारों मार्गों का यातायात प्रभावित होने की बात को ध्यान में रखते हुए चौराहे पर ट्रेंचलेस (अंदररूनी) सीवर लाइन बिछाई जा रही है। इस कार्य के पूरा होने के बाद रेलवे पुल तक बाहरी सीवर लाइन डालने के लिए ओपन खुदाई का कार्य शुरू किया जाएगा। उन्होंने बताया कि 650 मीटर लंबी सीवर लाइन को बिछाने में फरवरी से मार्च तक का समय लगने की संभावना है। सीवरेज निर्माण होने के बाद अप्रैल से मई के बीच खुदे मार्ग का निर्माण हो सकेगा।
इस महीने ही मिली थी जीटी रोड पर गड्ढों और धूल से राहत जल निगम ने जीटी रोड पर प्रथम चरण में मानपुर से हाथी गेट तक ट्रंक लाइन बिछाने का कार्य शुरू किया था। इस कार्य को पूरा करने में कार्यदायी संस्था ने एक वर्ष का समय लगाया था। इससे शहरवासियों को सालभर परेशानियों का सामना करना पड़ा था। द्वितीय चरण में हाथी गेट से रोडवेज बस स्टैंड तक मुख्य सीवर लाइन निर्माण कराया गया। इस कार्य को पूरा करने में भी कार्यदायी संस्था ने एक वर्ष का समय लगाया था। उस दौरान भी शहरवासियों को मार्ग पर गड्ढे और धूल मिट्टी से सालभर जूझना पड़ा था। अब तृतीय चरण में पंडित दीनदयाल उपाध्याय चौराहा से रेलवे पुल तक सीवरेज निर्माण कराया जा रहा है। इसके निर्माण का समय भी जल निगम अधिकारी तीन महीने बता रहे है।