
बरेली। सड़क सुरक्षा, ट्रैफिक प्रबंधन और Zero Fatality District (ZFD) कार्यक्रम को प्रभावी बनाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य द्वारा विस्तृत समीक्षा गोष्ठी एवं कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह बैठक रिजर्व पुलिस लाइन स्थित सभागार में आयोजित हुई, जिसमें जिले के सभी वरिष्ठ अधिकारी, थाना प्रभारी, ट्रैफिक टीम और संबंधित विभागों के कर्मचारी उपस्थित रहे।
यातायात व्यवस्था को मजबूत करना और तकनीकी माध्यमों से पुलिस कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाना रहा।

SSP ने ZFD कार्यक्रम की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर विशेष सतर्कता बरती जाए और नियमित रूप से सख्त प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उत्कृष्ट कार्य करने पर थाना भोजीपुरा की दो सीसी टीमों को ₹25,000-₹25,000 का पुरस्कार भी घोषित किया गया।
अधिकारियों को हेलमेट, सीट बेल्ट, ओवरस्पीडिंग और ड्रंक एंड ड्राइव जैसे मामलों में शत-प्रतिशत कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। वहीं, तीन या उससे अधिक मृत्यु वाले सड़क हादसों में स्पेशल रिपोर्ट फाइल तैयार करने और गहन जांच के भी निर्देश दिए गए।
दुर्घटना ऑडिट रिपोर्ट को पूरी तरह सटीक और तथ्यात्मक बनाने, तथा iRAD पोर्टल पर समयबद्ध डेटा फीडिंग सुनिश्चित करने पर भी विशेष जोर दिया गया।
शहर में जाम की समस्या को कम करने के लिए Reducing Traffic Congestion (RTC) योजना के तहत रूट प्लानिंग, डायवर्जन और पीक ऑवर मैनेजमेंट को लेकर दिशा-निर्देश दिए गए। रूट मार्शलों को सक्रिय भूमिका निभाने के निर्देश दिए गए।
कमजोर प्रदर्शन पर थाना कैंट के खिलाफ विभागीय जांच प्रस्तावित की गई, जबकि हाफिजगंज से स्पष्टीकरण मांगा गया। साथ ही जिन क्षेत्रों में सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु दर अधिक पाई गई, वहां भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
ओवरलोडिंग करने वाले भारी वाहनों के खिलाफ सघन अभियान चलाने और कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की भी बात कही गई।
इसके अलावा, आगामी डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने और किसी भी गैर-परंपरागत जुलूस पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए।

अंत में SSP ने स्पष्ट किया कि सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक प्रबंधन पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है, और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
