ग्लोबल ब्रिलियंस अवार्ड से सम्मानित होंगे डॉ रघुनंदन।
इंदौर में होगा आयोजन।
जेल सुधारों के क्षेत्र में कर रहे हैं काम
कासगंज कारागार का बढ़ेगा गौरव।

कासगंज 2 जून। जेल सुधारों के क्षेत्र में पिछले 16 वर्षों से सफलतापूर्वक कार्य करने वाले सामाजिक कार्यकर्ता, जेल सुधारक डॉ प्रदीप रघुनंदन को ग्लोबल ब्रिलियंस अवार्ड से सम्मानित किया जाएगा। इंटरनेशनल ह्यूमैनिटी मिशन इंदौर की नेशनल जूरी ने कासगंज जनपद के जिला कारागार में डॉ.प्रदीप रघुनंदन के द्वारा चलाए जा रहे बंदी सुधार कार्यक्रमों के आधार पर उनका चयन किया गया है l श्री रघुनंदन वर्ष 2015 से जनपद कारागार कासगंज में पर्यावरण संरक्षण , बंदियों को शिक्षा के अभियान से जोड़ने, बंदियों के बीच खेलकूद ,योगा ,पठन-पाठन ,कविता कहानी ,गीत गजल के लेखन की दिशा में रचनात्मक अभियान का संचालन कर कारागार में रहते हुए भी बंदियों को सकारात्मक दृष्टिकोण से जोड़ते हुए उन्हें एक जिम्मेदार नागरिक बनाने की दिशा में लगातार प्रयास कर रहे हैं।
इंटरनेशनल ह्यूमैनिटी मिशन के अनुसार 29 जून को इंदौर में एक बड़ा कार्यक्रम आयोजित कर शिक्षा समाज सेवा खेलकूद संगीत फिल्म एवं साहित्य के क्षेत्र में देश भर से चयनित की गई हस्तियों को यह अवार्ड प्रदान किया जाएगा l मध्य प्रदेश सरकार के संस्कृति मंत्री इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि होंगे और फिल्म उद्योग से भी कई हस्तियों का इस कार्यक्रम में जमावड़ा होगा।
ज्ञात हो कि डॉ रघुनंदन जेल सुधारों के क्षेत्र में वर्ष 2006 से लगातार कार्य कर रहे हैं l जनपद कारागार एटा को वर्ष 2008 में देश का पहला प्रतिष्ठित आई.एस.ओ.प्रमाण पत्र दिलाने में डॉ रघुनंदन की भूमिका महत्वपूर्ण थी l इसके अतिरिक्त डॉ रघुनंदन द्वारा बंदियों को शिक्षा के अभियान से जोड़ने , बंदियों के स्वस्थ मनोरंजन के लिए जेल रेडियो का संचालन करने, जेल में रहते हुए बंदियों को मानसिक रूप से स्वस्थ रखने ,उन्हें रचनात्मक वातावरण प्रदान करने, खेलकूद योगा और विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों के जरिए बंदियों को एक जिम्मेदार नागरिक बनाने और रचनात्मक लेखन अभियान के माध्यम से बंदियों के अंदर छिपी हुई प्रतिभा विकसित करने की दिशा में उनका महत्वपूर्ण कार्य है।
जेल सुधारक डॉ रघुनंदन को कई राष्ट्रीय और प्रदेशीय पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका हैl जेल महानिदेशक उत्तर प्रदेश आनंद कुमार ने उनकी विशिष्ट सेवाओं के लिए उनको कारागार विभाग की ओर से 26 जनवरी 2020 में सम्मानित किया था। उन्हें कारागार विभाग की ओर से उत्तर प्रदेश के समस्त जेलो में बंदियों के कल्याण की गतिविधियां संचालित करने हेतु अधिकृत किया गया है।
