
PM Awas Yojana: पक्के मकान वालों को मिल गया आशियाना, भटक रहे जरूरतमंद
उत्तर प्रदेश के एटा जिले के जलेसर में हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत बेघरों को आवास का लाभ दिया जाता है, लेकिन जिले में अधिकारियों की सह पर अपात्रों को लाभ दिया जा रहा है। मामला वित्तीय वर्ष 2021-22 का है जिसमें ग्राम पंचायत गोपालपुर में पूर्व ग्राम प्रधान के ही परिवार में दो बेटे और एक रिश्तेदार को लाभ दे दिया गया। जबकि उनके गांव में पक्के मकान पहले से बने हुए हैं। इसको लेकर कई शिकायतें की गई हैं, लेकिन कागजों में ही उनका निस्तारण कर दिया गया। कार्रवाई किसी पर नहीं की गई। यहां तक कि एक बीडीओ के पत्र के अनुसार अपात्र को पात्रों की सूची में लाभ देने का भी जिक्र भी किया गया है।
पहले से बने हैं पक्के घर
जलेसर की ग्राम पंचायत गोपालपुर में पूर्व प्रधान बृजेश कुमार ने अपने दो सगे भाइयों और साले को गलत तरीके से पीएम आवास योजना का लाभ दिलाया है। पूर्व प्रधान के भाई अजयवीर, सुखवीर और साले सुनील कुमार को आवास दिलाया गया। जबकि इन सभी के पहले से पक्के मकान बने हुए हैं। एक व्यक्ति ने पीएम पोर्टल पर शिकायत भी की लेकिन गलत शिकायत करार देते हुए निस्तारण दिखा दिया गया।
गलत दे दी गई रिपोर्ट
गांव के एक व्यक्ति ने पूजा देवी पत्नी प्रेमशंकर को पीएम आवास का लाभ गलत तरीके से देने की शिकायत की। जबकि उसका भी गांव में पक्का मकान है। इसकी शिकायत पीएम पोर्टल पर की गई, लेकिन अपात्र पर कार्रवाई के बजाए बीडीओ ने एक पत्र में जिलाधिकारी को लिखा है कि शिकायतकर्ता का नाम पात्रों की सूची में नहीं हैं। साइट खुलने पर उसका नाम भी शामिल कर दिया जाएगा।
कराई जाएगी जांच
मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अवधेश सिंह ने बताया कि ग्राम पंचायत गोपालपुर में जिन अपात्रों को पीएम आवास का लाभ दिया गया है उनकी जांच कराई जाएगी। दोषी पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।