खरी – अखरी
अपने ही गिराते हैं नशेमन पे बिजलियां
स्वामी सुब्रामणियम के कहे पर सील लगाई अर्श से फर्श तक के पार्टी नेताओं ने

लगता है भाजपा सांसद स्वामी सुब्रामणियम ने नरेन्द्र मोदी की दुखती हकीकत बयां कर दी तभी तो टॉप से लेकर बॉटम तक के नेताओं और अंध अनुयायियों ने भी मौन रह कर अपनी स्वीकृति दे दी है ।
स्वामी सुब्रामणियम की जगह देश को किसी और ने ये हकीकत बताई होती तो अभी तक तो देशभर में बवंडर उठ गया होता । एक बात और देश के सामने आ गई है कि मोदी ही नहीं पूरी पार्टी में वैसे ही लोगों की भरमार है जैसा मोदी के बारे में सुब्रामणियम ने कहा है, तभी तो सुब्रामणियम पर कार्रवाई करना तो दूर किसी के द्वारा उसके कहे की निंदा तक नहीं की गई है नरेन्द्र मोदी राजनैतिक हिजड़ा है
जिसकी इज्जत उसके अपने लोग नहीं कर रहे हों उसकी इज्जत दूसरे लोग क्यों करेंगे !
बेइज्जती मोदी की नहीं हो रही बेइज्जती हो रही है देश की । कालिख़ प्रधानमंत्री पद पर पोती जा रही है । मगर दुर्भाग्य है देश का कि पदलोलुपता के वशीभूतों द्वारा संवैधानिक पद की गरिमा को कब्र में दफनाया जा रहा है इतना ही नहीं चाटूकार गोदी मीडिया उसमें तड़का लगाकर परोसा जा रहा है ।