आठ दर्जन से अधिक गौ वंश का जीवन संकट में

एटा।सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ की सरकार जब से सत्ता में आई है तभी से गायों के संरक्षण के लिए तरह-तरह की योजनाएं चलाकर इनके संरक्षण तथा रख रखाव के लिए कार्य किये जा रहे हैं।
जलेसर के गांव कोसमा में गौसेवा का ढोल पीटने बाले गौसेवकों की पोल कोई और नहीं बल्कि गुस्साए ग्रामीण किसान खोल रहे हैं।
ऐसे में स्थानीय गुस्साए किसानों का बड़ा आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारियों से कई बार आवारा गौ वंश को गौशाला में पहुंचाने का निवेदन कर चुके हैं परन्तु कोई कार्यवाही नहीं होने एवं फसलों को बर्बाद देख ग्रामीण किसानों का गुस्सा सातवें आसमान पर दिखने लगा। आवारा गौवंश को जल निगम की टंकी, ट्यूवेल की गेट बंद बाउंड्री में बंद कर रखा है।
बड़ा सवाल ये है कि योगी सरकार क्या जलनिगम की इसी बाउंड्री में गौशाला स्थापित कर पशुओं को चारा पानी एवं छत की व्यवस्था करेगी या बेजुबान भूखे प्यासे रहकर ही जीवन समाप्त करेंगे क्या ऐसे मामलों की उच्च स्तरीय जांच करवाकर इन बेजुबानों का अधिकार सुरक्षित करेगी सरकार मैं नहीं जानता कि इसे जिम्मेदारों की भूल कहें या लापरवाही।