
मांगा था फसलों के नुकसान का मुआवजा, आ गया बाढ़ राहत कोष – रिपोर्ट शुभम शर्मा
अलीगढ़ – लगातार हुई दो दिन बारिश से बर्बाद हुई धान की फसल की भरपाई की राह देख रहे किसानों के साथ शासन स्तर से मजाक हुआ है। शासन स्तर से मुआवजे का 12.36 करोड़ रुपया आने के बजाय बाढ़ राहत कोष का 63 लाख रुपया आ गया है। तकनीकी खामी के कारण आई इस धनराशि को अब वापस करने की कवायद शुरू हो गई है। जिले में तीन व चार अक्तूबर को भारी बारिश व तेज हवाओं से जिले में 9125.99 हेक्टेयर क्षेत्र में 29142 किसानों की धान की फसल बर्बाद हो गई थी। इसके लिए शासन स्तर से 12.36 करोड़ रुपये आर्थिक क्षतिपूर्ति की मांग की गई थी। किसान ही नहीं अफसर भी इस मुआवजा राशि का इंतजार कर रहे थे। इस बीच शासन स्तर से 26 अक्तूबर को एक आदेश जारी हुआ है। इसमें अलीगढ़ समेत सूबे के 35 जिलों में 30.53 करोड़ का बाढ़ राहत कोष का बजट भेजा गया है। इसमें अलीगढ़ जिले के कुल 1706 किसानों के लिए 63 लाख का बजट भेजा गया है। यह धनराशि बाढ़ से क्षतिग्रस्त फसलों के मद में भेजी गई है। यह आदेश देखकर प्रशासनिक अफसर भी हैरान रह गए।सोचने लगे कि जिला स्तर से जब बाढ़ से प्रभावित किसानों की सूची ही नहीं गई तो फिर बजट कैसे आ गए। एडीएम वित्त एवं राजस्व विधान जायसवाल ने बताया कि बाढ़ राहत की राशि गलती से अलीगढ़ आ गई है। तकनीकी खामी के चलते यह धनराशि अलीगढ़ के लिए जारी हो गई है। इसे वापस कराया जा रहा है। अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त फसलों के लिए जल्द मुआवजा जारी होने की उम्मीद है।