
अलीगढ़ में फसल के आंकलन को दौड़ रहे अधिकारी, लेखपाल ने घर बैठे बना दी रिपोर्ट, निलंबित
अलीगढ़ में दो दिन तक लगातार हुई बेमौसम बारिश ने जिले भर में 9125 हेक्टेअर धान की फसल बर्बाद करके रख दी है। बुधवार को राजस्व विभाग का जिले में भर हुए नुकसान का सर्वे पूरा हो गया है। सबसे अधिक नुकसान खैर व कोल तहसील में हुआ है। अब प्रशासन की ओर से जिले भर के कुल 29142 किसानों को 12.36 करोड़ का मुआवजा प्रस्तावित किया गया है। इस प्रस्ताव को स्वीकृति के लिए शासन में भेज दिया गया है। वहां से मुहर लगने के बाद मुआवजा बांटा जाएगा।जिले में रविवार शाम से बारिश की शुरुआत हुई थी। सोमवार रात तक यह बारिश जिले में पड़ती रही। इससे धान की फसल को काफी नुकसान हुआ। शासन के निर्देश पर डीएम सेल्वा कुमारी जे ने जिले की सभी तहसीलों में सर्वे के आदेश दिए। वह खुद भी गांव में भ्रमण को निकलीं। इसके साथ ही एडीएम वित्त एवं राजस्व विधान जायसवाल के निर्देशन में सभी तहसीलों के एसडीएम व तहसीलदारों को लगाया गया। अब बुधवार रात तक जिले की सभी तहसीलों से नुकसान की रिपोर्ट आ गई है। इसमें जिले की सभी तहसीलों में कुल 9125.99 हेक्टेअर धान की फसल प्रभावित हुई है। ऐसे में प्रशासन ने इस फसल के लिए कुल 29142 किसानों के लिए 12.36 करोड़ का मुआवजा प्रस्तावित किया है। सबसे अधिक नुकसान इगलास व खैर तहसील में हुआ है। इगलास में 2410 हेक्टेअर क्षेत्र में धान की फसल बर्बाद हुई है। वहीं, इससे कुल 7590 किसान प्रभावित हुए हैं। प्रशासन ने इनके लिए 3 करोड़ 25 लाख, 35 हजार रुपया मुआवजा राशि प्रस्तावित की गई है। वहीं, खैर में 7358 किसानों की 2337 हेक्टेअर फसल बर्बाद हुई है। इनके लिए कुल 3 करोड़ 15 लााख की धनराशि प्रस्तावित हुई है। सबसे कम नुकसान अतरौली तहसील में हुआ है।