*ब्लाक शीतलपुर के ग्रामों वावरपुर, पवास, अचलपुर व नेहचलपुर के तालाबों का किया निरीक्षण*
*कोटेदारों को कारण बताओं नोटिस जारी करते हुये एक सप्ताह के अन्दर मांगा स्पष्टीकरण*
*मनरेगा में कार्य कर रहे मजदूरों और प्रवासी श्रमिकों को बांटे जाॅब कार्ड एवं मास्क*
*एटा 30 मई 2020 (सू0वि0)।* जिलाधिकारी सुखलाल भारती द्वारा महात्मा गांधी रोजगार गांरटी योजना अन्तर्गत दिया जा रहा ग्रामीणों को रोजगार एवं बाहर से आने वाले प्रवासी श्रमिकों द्वारा किये जा रहे विकास खण्ड शीतलपुर के गांव वावरपुर, पवास, अचलपुर तथा नेचलपुर का निरीक्षण किया।
जिलाधिकारी सुखलाल भारती द्वारा गाॅव वावरपुर में निरीक्षण के द्वारा पाया कि विकास खण्ड शीतलपुर के गाॅव वावरपुर में 3.85 लाख की लागत से तैयार किया जा रहा 05 बीघा का तालाब खुदाई हेतु कुल 51 मजदूर कार्य कर रहे थे। जिसमें 09 महिलायें तथा 18 प्रवासी श्रमिक भी कार्य कर रहे थे।
जिलाधिकारी द्वारा टेक्निशियन असिस्टंेट को निर्देश दिये कि तालाब की खुदाई 10 फीट से कम नही होनी चाहिय। इस तालाब में मछली पालन कराया जाये और तालाब हेतु चैडी नाली व एक हाज भी बनवाया जाये।
जिलाधिकारी द्वारा इस योजना के अन्तर्गत विकास खण्ड शीतलपुर के गाॅव पवास में भी 7.03 लाख की लागत से तैयार किया जा रहा 11 बीघा के तालाब की खुदाई का कार्य किया जा रहा है। तालाब की खुदाई हेतु 155 मजदूर कार्य में लगे हुये हैं। जिनमें 58 प्रवासी श्रमिक भी कार्य कर रहे थे।
जिलाधिकारी को ग्रामीण जनता ने बताया कि राशन डीलर हवलदार एवं छोटेलाल द्वारा 05-05 किलोग्राम राशन कम दिया जा रहा है और कभी वितरण किया जाता है और कभी नही। इस पर जिलाधिकारी द्वारा काफी नाराजगी व्यक्त करते हुये दोनों कोटेदारों को कारण बताओं नोटिस जारी करते हुये एक सप्ताह के अन्दर स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिये।
जिलाधिकारी द्वारा विकास खण्ड शीतलपुर के ग्राम अचलपुर में 3.97 लाख की लागत से कराई जा रही 600 मीटर की खुदाई का कार्य दुहाई सीमा से अचलपुर सडक तक का कार्य किया जा रहा था। जिसमें 64 मजदूर काम कर रहे थे, जिनमें 02 महिलायें सम्मिलित थी।
जिलाधिकारी द्वारा विकास खण्ड शीतलपुर के ग्राम नेहचलपुर में 3.87 लाख की लागत से कराया जा रहा 4.50 बीघा की खुदाई का कार्य किया जा रहा है। जिसमें 58 मजदूर काम कर रहे थे, जिनमें 04 महिलायें व 07 प्रवासी श्रमिक भी कार्य कर रहे थे।
टेक्निशियन असिस्टंेट द्वारा बताया गया कि इस नाला की लम्बाई कुल 14 किलोमीटर है। 14 किलोमीटर के बीच गाॅव नगला धीमर से लाखापुर कालीनदी तक पडने वाले ग्राम अहमदाबाद, धुआई, अचलपुर, कीलरमऊ, बागवाला, लमेटा, ववरोती, कन्सुरी, लोहाखार, अमलापुर, लाखापुर, आदि ग्रामों को इसका लाभ प्राप्त होगा।
जिलाधिकारी द्वारा विकास खण्ड शीतलपुर के वावरपुर, पवास, अचलपुर व नेहचलपुर मे कार्य कर रहे मजदूरो एवं प्रवासी श्रमिकों को जाॅब कार्ड एवं मास्क भी वितरित किये। और उन्होनें ग्रामीणों को संबोंधित करते हुये कहा कि कोविड-19 कोरोना जैसी महामारी से बचाव हेतु ग्रामों में निगरानी समिति का गठन किया गया। जिसमें ग्राम प्रधान, सचिव, लेखपाल, आगनवाडी, कोटा डीलर को सदस्य बनाया गया। जिसमें ये लोग बाहर से आये हुये व्यक्तियों कि निगरानी करेगें, अगर किसी व्यक्ति को खांसी, जुकान, बुखार है तो इसकी सूचना भी देगें। जो कोई व्यक्ति बाहर से आता है उसके 21 दिन के लिए होम कोरंटाइन रखा जायेगा। वहाॅ कोई व्यक्ति न जायेगा। और बाहर से आने वाले व्यक्तियों को खाद्यान्न योजना अन्तर्गत 05 किलोग्राम प्रति यूनिट जिसमें 03 किलोग्राम गेहूॅ, 02 किलोग्राम चावल तथा 01 किलोग्राम चना निःशुल्क दिया जायेगा। जिन व्यक्तियों के राशन कार्ड नही बने है। उन व्यक्तियों के खाते में 1000-1000 रूपये दिये जायेगें।
जिलाधिकारी द्वारा ग्रामीणजनों से यह भी अपील की गयी कोई व्यक्ति बिना मास्क के न घूमें, बुर्जुग व बच्चे बाहर न निकले, एक-एक मीटर की दूरी पर बैठे भीड एकत्रित न करें। और निगरानी समिति का सहयोग करें। सभी लोग आरोग्य सेतु एवं आयुष कवच ऐप डाउनलोड कर कोराने वायरस की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी मदन वर्मा, जिला विकास अधिकारी एस0एन0 कुशवाह, जिला सूचना अधिकारी मिथलेश कुमार, संबंधित सचिव, संबंधित ग्राम प्रधान, लेखपाल, आशा, एपीओ, आदि उपस्थित रहे।