
सिर्फ 15 मिनट की वारिश और तालाब में तब्दील हो गयी स्वयं एटा नगरपालिका अध्यक्ष राकेश गांधी जी की गली और उनका मौहल्ला।
एटा।जब इनकी गली की ये हालात है तो पूरे एटा का हाल क्या होगा उसका अनुमान लगाना इतना भी मुश्किल नहीं है।
लगभग 9 वर्ष के अपने कार्यकाल में ये दिया है इन्होंने एटा को
जब इनसे एटा की बेहतरी के लिये कुछ सवाल करें
तो अहंकार से तर बतर हमारे गांधी जी कह देते हैं
कि इस बार ऐसे व्यक्ति को वोट दे देना जो पूरे एटा पर त्रिपाल तान दे।