
राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की ग्रोथ का रिपोर्ट कार्ड हुआ जारी, केरल शीर्ष पर, बिहार का बुरा हाल
नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने आज भारत एसडीजी सूचकांक का तीसरा संस्करण जारी किया. भारत में संयुक्त राष्ट्र के सहयोग से विकसित एसडीजी इंडिया इंडेक्स 2020-21 सभी राज्यों और केन्द्र – शासित प्रदेशों की प्रगति को 115 प्रमुख पैमानों पर आंकता है. एसडीजी भारत सूचकांक 2020-21 में केरल ने अपनी शीर्ष स्थान बरकरार रखा है, जबकि बिहार का प्रदर्शन सबसे बुरा रहा. केरल के बाद हिमाचल- तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश-गोवा-कर्नाटक, सिक्किम, महराष्ट्र, गुजरात-तेलंगाना, हरियाणा-त्रिपुरा, मणिपुर, मध्य प्रदेश-बंगाल, छत्तीसगढ़-नागालैंड-उड़ीसा, अरुणांचल-मेघालय-राजस्थान-यूपी, असम, झारखंड, बिहार क्रमशः हैं
केंद्र शासित प्रदेशों में 79 अंक के साथ चंड़ीगढ़ को शीर्ष स्थान मिला, जिसके बाद 68 अंक के साथ दिल्ली का स्थान रहा. वर्ष 2020-21 में सबसे अधिक बढ़त मिजोरम, हरियाणा और उत्तराखंड ने दर्ज की. वहीं भारत का कुल एसडीजी सूचकांक 2020-21 में 6 अंकों के सुधार के साथ 60 से बढ़कर 66 अंक हो गया. नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने कहा, यह रिपोर्ट हमारे एसडीजी प्रयासों के दौरान तैयार की गई साझेदारी और उसकी मजबूती को दर्शाती है. इससे पता चलता है कि किस तरह मिलकर की गई पहलों के जरिए बेहतर नतीजे पाए जा सकते हैं.