तमाम सख्ती के बाद भी मुरादाबाद जिले में बाल विवाह के मामले लगातार मिल रहे हैं। हाल यह है कि पांच महीने में छह से सात बाल विवाह से जुड़े केस सामने आ चुके हैं। गुरुवार को चाइल्ड लाइन में किसी ने फोन कर डिलारी के एक गांव में बाल विवाह होने की सूचना दी।
इस पर सीडब्लूसी की महिला सदस्य नीतू सक्सेना, चाइल्डलाइन की कोर्डिनेटर श्रद्धा शर्मा, आईसीपीएस के अवधेश, सुबोध कुमार, डिलारी थाने की पुलिस के साथ डिलारी के गांव में पहुंचे, जहां लड़की का पिता पुलिस और टीम देखकर घबरा गए। पूछताछ में लड़की के पिता ने बताया कि उन्होंने अपनी लड़की की शादी कांठ में तय की है रोका कर चुके हैं। टीम ने लड़की के पिता को बताया कि नाबालिग लड़की की शादी कराना अपराध है और इसमें सजा भी हो सकती है। इसके बाद टीम ने पिता से लिखित सहमति लेकर बालिग होने पर बेटी की शादी करने का भरोसा टीम को दिया । इसके बाद टास्क फोर्स दोनों पक्षों को हिदायत देने के बाद वापस लौट आई।