
एटा-प्रभारी अधिकारी शस़्त्र ने सूचित किया है कि अस्त्र-शस्त्र विक्रय करते समय यूआई एन नम्बर दर्ज किया जाए।
विक्रेताओं के स्टाॅक एवं सेल रजिस्टर के साप्ताहिक सत्यापन के दौरान संज्ञान में आया है कि कतिपय अस्त्र-शस्त्र विक्रेताओं द्वारा शस्त्र लाइसेन्सियों को कारतूस, शस्त्र विक्रय करते समय उनके शस्त्र लाइसेन्स का यू0आई0एन0 नम्बर का अंकन अपने सेल-रजिस्टर में नहीं किया जाए जबकि शासन द्वारा ऐसे शस्त्र लाइसेन्स जिनका यू0आई0एन0 नम्बर जनरेट नहीं हुआ, अबैध घोषित किये जा चुके हैं।
उन्होंने जनपद के समस्त अस्त्र-शस्त्र विक्रेताओं को आदेशित किया है कि उनके द्वारा शस्त्र लाइसेन्सियों को कारतूस, शस्त्र विक्रय करते समय के्रता के शस्त्र लाइसेन्स का यू0आई0एन0 नम्बर तथा क्रेता का मोबाईल नम्बर का अंकन प्रत्येक दशा में अपने सेल-रजिस्टर में किया जाय। जिन शस्त्र लाइसेन्सों के यू0आई0एन0 अभी जनरेट नहीं हुए हैं उन्हे कारतूस, शस्त्र विक्रय करने पर सम्बन्धित अस्त्र-शस्त्र विक्रेता के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही अमल में लायी जायेगी।