
एटा ~ अपराध समीक्षा बैठक में आगामी त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों को लेकर एसएसपी एटा ने थानाध्यक्षों के कसे पेंच, किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर बीट के सिपाही से लेकर सर्किल इंचार्ज तक की जिम्मेदारी होगी तय दिनांक 21.03.2021 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एटा श्री सुनील कुमार सिंह द्वारा पुलिस लाइन स्थित सम्मेलन कक्ष में अपराध समीक्षा की बैठक आयोजित की गयी जिसमें एसडीएम प्रशासन श्री विवेक कुमार मिश्रा, अपर पुलिस अधीक्षक एटा ओमप्रकाश सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक अपराध राहुल कुमार, समस्त क्षेत्राधिकारीगण, समस्त प्रभारी निरीक्षक/थानाध्यक्ष/थानाप्रभारी व अन्य पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।
अपराध गोष्ठी में निम्न बिन्दुओं पर दिशानिर्देश दिये गयेः-
1 आगामी ग्राम पंचायत चुनाव एवं पंचायत चुनाव के संबंध में थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया, पूर्व में घटित घटनाओं के दृष्टिगत रखे सतर्क दृष्टि, जिन व्यक्तियों के विरुद्ध पूर्व में चुनावों को लेकर अभियोग पंजीकृत किए गए हैं, उन पर विशेष दृष्टि रखी जाए।
2- आगामी त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दृष्टिगत थानों में स्वीकृत व्यक्तिगत शस्त्र लाइसेंसों में से शेष बचे शस्त्रों को जल्द से जल्द जमा कराए जाने के संबंध में थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया।
3- शस्त्र लाइसेंसधारी व्यक्तियों के कारतूसों का शत-प्रतिशत सत्यापन कराया जाए, अपराधों में लिप्त ऐसे व्यक्तियों के शस्त्र लाइसेंस निरस्तीकरण हेतु रिपोर्ट जिलाधिकारी कार्यालय अविलंब भेजी जाए।
4- थानाक्षेत्र के एचएस अपराधी, सक्रिय अपराधी, टॉप -10 अपराधियों की समय समय पर चैकिंग करते रहे तथा रजि0 न0 8 एवं जी0डी0 मे इन्द्राज के साथ साथ बीट प्रहरी एप्प में भी चैकिंग दर्ज करते रहे साथ ही साथ वर्ष 2015 में रिपोलिंग हुये मतदान केन्द्रों / मतदेय स्थलों का भ्रमण हल्का प्रभारी / बीट आरक्षी द्वारा भी कर लिया जाये।
5- सभी हल्का प्रभारी / बीट आरक्षी / क्षेत्राधिकारी अपर पुलिस महानिदेशक आगरा जोन आगरा द्वारा चलाये जा रहे अभियान के अनुरूप आवश्यक कार्यवाही करना सुनिश्चित करेंगे
6- जिन शस्त्र धारकों के विरूद्ध अभियोग पंजीकृत हो अथवा अपराधी किस्म का व्यक्ति हो या उसने अपने शस्त्र लाइसेंस का किसी घटना मे दुरूपयोग किया हो उसके शस्त्र लाइसेंस निरस्तीकरण की रिपोर्ट उच्चाधिकारीगण को शीघ्र भेजी जाये।
7- निरोधात्मक कार्यवाही के अन्तर्गत गुण्डा एक्ट, गैंगस्टर एक्ट की कार्यवाही पर बल दिया गया तथा सभी हल्का बीट अधिकारी / बीट पुलिस अधिकारी अपने अपने क्षेत्र में महत्वपूर्ण अपराधियों को चिन्हित कर उनके विरूद्ध कठोर कानूनी कार्यवाही करना / कराना सुनिश्चित करें।
8- महिलाओं/छोटे बच्चों, पीड़ित/गरीब व्यक्ति सम्बन्धी मामलों में त्वरित कार्यवाही करने, जाति/धर्म के आधार पर कार्यवाही न करने, अवैध शराब, नकली शराब बनाने वालों पर सख्त कार्यवाही किए जाने की हिदायत दी गयी।
9- एचएम अपने थानों पर लम्बित मालों के निस्तारण हेतु 15 दिवस का विशेष अभियान चलवाकर मा0 न्यायालय से निस्तारित अभियोगों का पर्चा फैसला निकलवाकर उसके आधार पर मालों का अधिक से अधिक नियमानुसार निस्तारण कराने के निर्देश दिए गए।
10- गैर प्रान्त की अवैध शराब की बिक्री पर तथा जुआ-सट्टा पर रोक लगाने की कड़ी हिदायत देते हुए स्पष्ट किया गया कि इन अवैध धंधों का किसी हल्का प्रभारी / बीट पुलिस अधिकारी के क्षेत्र में होना पाये जाने को अत्यंत गम्भीरता से लिया जायेगा।
11- पोक्सो एक्ट की लम्बित विवेचनाएं एवं मा0 न्यायालय में विचाराधीन गवाहान को मा0 न्यायालय से प्राप्त सम्मन को शीघ्र तामील कराकर गवाही हेतु मा0 न्यायालय उपस्थित कराया जाये।
12- जनशिकायती प्रार्थना पत्र, आईजीआरएस प्रकरण में प्राप्त प्रकरणों का गुणवत्तापूर्वक निस्तारण समय से सुनिश्चित किया जायें। साथ ही सभी क्षेत्राधिकारियों द्वारा अपने सर्किल के थानों पर प्राप्त शिकायती प्रार्थना पत्रों के निस्तारण की गुणवत्ता की रैण्डम चैकिंग की जाये। सभी थानाध्यक्ष पीड़ित/आवेदक से स्वयं वार्ता कर उनकी समस्या के निस्तारण के सम्बन्ध में जानकारी करें। साथ ही सभी अधिकारी व कर्मचारी अपना व्यवहार उच्चकोटि का रखें। नियमानुसार वर्दी धारण करें। आचरण में सौम्यता एंव शालीनता रखी जाये। दुर्व्यवहार की शिकायत पर दोषी कर्मियों के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्यवाही की जायेगी।
गोष्ठी के अन्त में सभी राजपत्रित अधिकारियों से अपना पर्यवेक्षण सुदृढ रखते हुये उक्त बिन्दुओं पर अधीनस्थों द्वारा की जा रही कार्यवाही का निरन्तर अनुश्रवण कर वाॅछित कार्यवाही समयबद्ध ढंग से पूर्ण कराने की अपील की गयी।