
अधिवक्ता की आत्महत्या पर वकीलों ने काम बंद कर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा
कोंच जनपद महोबा में अधिवक्ता मुकेश कुमार पाठक ने कुछ प्रभावशाली लोगों द्वारा तमाम प्रकार से किये जा रहे उत्पीड़न से परेशान होकर आत्महत्या कर ली थी जिसको लेकर जिला बार एसोसिएशन के आह्वान पर अधिवक्ता हड़ताल पर रहे और पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे।अधिवक्ताओ ने राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम को सौंपते हुए कहा कि मृतक अधिवक्ता का उत्पीड़न कर आत्महत्या के लिये प्रेरित करने वाले प्रभावशाली दबंगों को अविलंब गिरफ्तार कर उन्हें कड़ी सजा दिलाई जाए तथा मृतक अधिवक्ता के परिजनों को सरकारी सुरक्षा उपलब्ध कराकर परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी व मुआवजा के रूप में 50 लाख रुपये की राशि दी जाए।ज्ञापन देने वालों में बार संघ अध्यक्ष संजीव तिवारी,महामंत्री वीरेन्द्र जाटव,पूर्व बार संघ अध्यक्ष विनोद अग्निहोत्री, केके श्रीवास्तव, कमलेश चौपड़ा,हल्के सिंह बघेल, शहजाद सिद्दीकी, अम्बरीष रस्तोगी, तेजराम जाटव,श्रीराम गुप्ता, दीपक अग्रवाल, राहुल अवस्थी, शशि देवी मिश्रा, रामकुमार खरे, रमेशचंद्र गौतम,अशोक चौहान, दिनेश तिवारी, नरायन दास गुप्ता, दीनानाथ निरंजन,पुरुषोत्तम रिछारिया, रामबाबू, अनंतपाल यादव, सिद्धान्त सिरौठिया,अतुल चतुर्वेदी छोटे लाल अग्रवाल विनोद निरंजन, जितेंद्र पांडेय, अरविंद दीक्षित, राजेन्द्र निरंजन, मो हलीम,जीवनलाल अशोक, संतोष कुमार,विपिन निरंजन आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।