गांवों में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का किसानों को पूरा लाभ नहीं मिल पा रहा है। क्षेत्र में आज भी सैकड़ों किसान योजना से वंचित हैं। वहीं कुछ किसानों के खातों में दो से तीन किस्त तक आ चुकी हैं। किसान कृषि विभाग और प्रशासन के यहां चक्कर काट रहे हैं। किसान जमीनों के कागजात संबंधित लेखपालों तक दिखा चुके हैं। उसके बाद भी उनके नाम वेबसाइट पर रजिस्टर्ड नहीं हो सके हैं। जल्दबाजी के चक्कर में प्रशासन द्वारा किसानों के आवेदनों में भारी भरकम गलतियां की गई हैं जिसके कारण किसानों के खाते में सम्मान निधि की किस्त नहीं पहुंची।
क्या है किसान सम्मान निधि योजनालाभ नहीं मिला है
जबकि छोटे छोटे किसान हैं और योजना हेतु पात्र भी हैं इसके बावजूद भी किसानों को किसान सम्मान निधि का लाभ नहीं मिल पा रहा है किसानों ने बताया कि कभी आधार कार्ड गलत है तो कभी आईएफएससी कोड गलत बताया गया है तो कभी बैंक खाता गलत है जिसके कारण किसान तहसील प्रशासन एवं कृषि विभाग को कई बार पेपर दे चुके हैं परंतु इसमें दोनों विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आई है इनकी मनमानी के कारण सब किसान प्रधानमंत्री की महत्वकांक्षी योजना के लाभ से वंचित है जिससे किसानों को काफी परेशानी का सामना भी करना पड़ रहा है जबकि सकतपुर के किसान एसडी एम श्रीमान कृषि उपनिदेशक सी एल यादव को स्वयं प्रस्तुत होकर समस्त कागजात उपलब्ध करा चुके हैं पर 1 वर्ष बीत जाने के बाद भी अभी भी समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है जिससे किसानों ने माननीय प्रधानमंत्री जी की छठवीं के जारी होने के बाद भी किसानों को एक भी प्राप्त नहीं हुई है किसानों ने 1076 एवं जनसुनवाई पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज करा चुके हैं लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई गौरतलब है की क्या इसी तरह यह विभाग सोते रहेंगे आए दिन किसानों की आत्म हत्या का मामला सामने आता रहता है किसानों को देश की रीढ़ माना गया है मगर अब देश की रेट धीरे धीरे टूटने लगी है देखना यह है के सभी आला अधिकारी कब तक नींद से जागेंगे और छोटे-छोटे किसानों का हक उन्हें दिलवाएंगे