
बरेली ।बांग्लादेश में सत्ता परिवर्तन हेतु चलाए गए आंदोलन की सफलता के बाद वहां अल्पसंख्यक हिंदुओं की आबादी नष्ट करने के उद्देश्य से बहुसंख्यक मुस्लिम समुदाय एवं सेना, पुलिस के संयुक्त अघोषित अभियान की अंतर्गत हिंदुओं को बड़ी संख्या में कत्ल ए आम,मंदिरों का विध्वंस एवं देव प्रतिमाओं को खंडित करना हिंदूओ के घरों पर कब्जा एवम लूटना जैसी गतिविधियां चरम पर है जिसके फोटो वीडियो बेखौफ मीडिया में प्रसारित हो रहे हैं।
बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति पर हिंदू चिंता दुख एवं रोष व्याप्त हिंदुओं के विरुद्ध हिंसा अनवरत जारी है जिसे भारत सरकार द्वारा इस विषय में उठाए गए कदम अभी अपर्याप्त प्रतीत हैं, विश्व मानवाधिकार आयोग अभी नींद से जगा नहीं है ।
अखंड भारत गौरव ट्रस्ट द्वारा भारत एवं विश्व के हिंदुओं के रोशन चिंताओं की अभिव्यक्ति को भारत सरकार एवं बांग्लादेश सरकार तक पहुंचाने हेतु आज दिनांक 13-12-2004 को बरेली जनपद के सेठ दामोदर सरुप में बांग्लादेश में कट्टरपंथियों के हाथों बलिदान हुए हिंदुओं की आत्मा की शांति हेतु शांति यज्ञ आयोजन किया गया है तथा ट्रस्ट के संस्थापक/ संरक्षक अनिल मुनि जी द्वारा हुतात्माओं की शांति हेतु श्रद्धांजलि के द्वारा केश तर्पण किया गया।
श्री अनिल मुनि द्वारा केश तर्पण स्वरूप दान किए गए केशों को जिलाधिकारी बरेली के माध्यम से भारत में बांग्लादेश के राजनायिक महोदय को विरोध स्वरुप प्रेषित किया जा रहा है।
इस संदर्भ में अखंड भारत ट्रस्ट भारत सरकार से निम्न कदम उठाने की मांग करता है
1.एक भारत सरकार द्वारा कूटनीतिक प्रक्रिया के साथ कल आज रोज बांग्लादेश सरकार के समक्ष प्रकट करना चाहिए
- भारत सरकार के प्रत्येक जिले में बांग्लादेशी घुसपैठियों का सत्यापन करवा कर भारत से निष्काषित किया जाए ।
3.हिंदुओं के संहार को संरक्षण देने वाले बांग्लादेश के राष्ट्रपति मोहम्मद यूनुस से नोबेल पुरस्कार वापस लिए जाए इस मांग को सफलता से अधिकारी किसको उठाना चाहिए ।
इस संबंध में ट्रस्ट द्वारा भी एक ज्ञापन नोबेल कमेटी को भेजा जाना प्रस्तावित है ।
आशा है ट्रस्ट द्वारा प्रेषित ज्ञापन पर आप द्वारा विचार कर बांग्लादेश की हिंदुओं की सुरक्षा एवं संरक्षण हेतु आवश्यक कदम उठाएंगे जाएंगे सादर